बिना डरे हुए किसी से भी बात करना सीखें | communication skill tips

आज का टॉपिक है बिना डरे हुए किसी से भी बात करना कैसे सीखें  , वो लड़की भी हो सकती है या फिर कोई लड़का , आपने अक्सर देखा होगा आप किसी पार्टी में जाते है , कोई आपको बहुत पसंद आ जाता  है आप उससे बात करना चाहते हैं अपने दिल की बात बताना चाहतें हैं  , तो कभी कोचिंग क्लास में हो या , या फिर ऑफिस में किसी से बात करना चाहते है जिसे आप पसंद करते हैं , आप बात तो करना चाहते पर समझ नहीं आता शुरुवात कैसे करें? अगर आपके साथ भी ऐसा होता है  तो यह आर्टिकल आपके लिए है , आज हम सीखेंगे की किसी से भी बिना हिचक के कैसे बात करना शुरू करें और उन्हें इम्प्रेस कर दें | 



practice & प्रैक्टिस 

इन्टरनेट पे तो हजारों टिप्स हैं आप ये करो , आप वो करो लेकिन सभी काम नही करते , आपको समझना होगा किसी भी इन्सान से बात न कर पाने के पीछे एक डर होता है , और डर कैसे खत्म होता है , डर से दो दो हाथ करके , हमें डर को ख़त्म करने के लिए डर को भगाना होगा , वोह कहते हैं न की अगर तैरना सीखना है तो नदी में डुबकी तो लगानी ही पड़ेगी , लेकिन हमे सीधे नदी में डुबकी नही लगानी क्यूंकि डूबने का खतरा है , हम अपनी  शुरुआत तलाब से कर सकतें हैं और फिर धीरे धीरे नदी की और जायेंगे  , आप समझ चुके होंगे की आपको क्या करना है  ,  नही समझ आया आपको एक तलाब ढूँढना है जिसके बारे में आप जानते हो ये ज्यादा गहरा न हो  , तलाब से मेरा मतलब है कोई आपका दोस्त जो आपकी बाते सुन सके और आपकी मदद कर सके  |



बिना डरे हुए किसी से भी बात करना सीखें 

आपने अपना एक दोस्त सेलेक्ट कर लिया की आप किस दोस्त से बाते करेंगें  , यह जरुर देख लें की कहीं आपका  दोस्त बीच में ही न भागने लगे की भाई यार मुझे कुछ काम है , पहले ही कन्फर्म करले की वह फ्री हो उसे कोई काम न हो ,  कम्युनिकेशन एक कला है जो धीरे धीरे लगातार प्रैक्टिस से सीखी जा सकती है , अब आप दोस्त से बातें करते वक्त कोई अपना ऐसा किस्सा सुनाइए जो की आपको फनी लगता हो , इसे ऐसे सुनाओ जैसे आप कोई कहानी सुना रहे हों  , हो सकता आप कहानी सुनाने में माहिर न हो पर आप सीख सकतें , हमने इसपर आर्टिकल डाला हुआ है आप उसे पढ़ सकते हैं , कहानी सुनना सभी को पसंद होता है , आपको याद है आप बचपन में कौनसी कहानियां सुना करते थे  ?  जरुर आप  का उत्तर हाँ होगा ,

 आप अपने दोस्त को खुद के शामिल जरुर करें नही तो वो कहेगा की कैसा इन्सान खुद ही चपड चपड करता रहता है  , आप उससे सवाल पूछ सकतें है  की भाई अगर उस जगह तू होता तो क्या करता ? सवाल पूछने से सामने वाला व्यक्ति आपसे कनेक्ट हो जाता है , क्या आपने नोटिस किया की मैंने आपसे ये क्यूँ पूछा की आपको बचपन की कहानिया याद है , बिलकुल सही  , ताकि हम कनेक्ट हो सकें  ऐसे लगना चाहिए जैसे हम दो लोग बात कर रहें हो , 

लोग अकसर गलती कर देते है की जब खुद बात करतें है तोह  नजरें नही मिलाते , ऊपर नीचे यहाँ वहां देखने लगतें हैं , जिससे सामने वाला व्यक्ति समझ जाता है की आप नर्वस हैं या फिर आप झूट बोल रहें हैं  , लोंगो की आँखों में आँखे डालकर बातें करिये  और थोड़ी सी स्माइल अपने चेहरे पर बरकरार रखिये ,  और आप बीच बीच में लोंगो को अपनी बातों से हसा सकतें है तो आप अब किसी से भी बात कर सकते हैं ,  

यह सारी टिप्स तो बात सुरु होने के बाद आप बात को इंट्रेस्टिंग बनाने के लिए करेंगे आप सोच रहे होंगे की समस्या तो शुरू करने में है तो मित्र अब आप तलाब के एक्सपर्ट हो चुके हैं  अब आपको थोड़ी सी सावधानी के साथ नदी में उतर सकते हैं , डरने वाली कोई बात नही है आपको तैरना तो आता ही है |

किसी से भी बात की शुरुवात हमेशा ओपनर सेंटेंस से की जाती है , आप हेल्लो ,हाय से शुरुआत कर सकते है , एक बात का ख्याल रंखें की सामने वाले को व्यक्ति को यह मत दिखाइए की आप उनसे बात करने के लिए तड़प रहें है वरना वो आपको चेम्पू समझ सकतें है बात करते वक्त हलकी सी मुस्कराहट चेहरे पर रखें और आप बात की शुरुआत करने के लिए आप कोई प्रश्न पूछ सकते हैं  |

  1. प्रैक्टिस  
  2. एक दोस्त ढूंढें जिससे आप बात कर सकें |
  3. अपनी लाइफ का कोई फनी किस्सा सुनाये |
  4. लोगों को कनेक्ट रखने के लिए क्वेश्चन पूछें |
  5. eye contact और smile बनाकर रखें |


  • ओपनर हेल्लो या हाय से शुरुआत करें , 
  • eye contact और हलकी सी smile , 
  • कोई क्वेश्चन पूछें ,


स्पेशल टिप्स - अगर किसी व्यक्ति से बात करने से पहले आप नर्वस हों  एक बार यह जरुर खुद से बोले की सामने वाला भी इन्सान ही है , और अपनी बात शुरू करें  |

अब आप किसी से भी बिना डरे हुए  बात कर सकते हैं चाहे वह लडकी हो या लड़का , कम्युनिकेशन स्किल का उपयोग हरदिन और हर जगह होता है , आप हमारे कम्युनिकेशन पर आधारित सारे  आर्टिकल पढ़ सकते है कमेंट में जरुर बताये की आपको यह आर्टिकल कैसा लगा  |










अपने दिल की बात और ideas को लोगों के सामने कैसे express करें

यदि आपके दिमाग में बहुत कुछ आता है, अब दुनिया को बहुत कुछ बताना चाहते हैं ,आप अपने बारे में बताना चाहते हैं आप चाहते हैं कि अपनी कहानियां बता पाए ; अपनी चीजों के बारे में बताएं बताना तो बहुत कुछ चाहते हैं,  और जब लोगों के सामने जाते हैं तो सोच में पड़ जाते हैं आखिर क्या बोले आपके पास कुछ आइडियाज है जो कमाल के , आप लोगों को बताना चाहते हैं पर समझ नहीं आता कि कैसे बताएं ; अक्सर ऐसा होता है कि कॉलेज में हो या स्कूल में या फिर किसी ट्यूशन में या फिर ऑफिस हो आपको कोई ऐसी लड़की पसंद आ जाती है आप उस लड़की से बात करना चाहते हो अपने दिल की बात बताना चाहते हैं और समझ नहीं आता कैसे कहें , अगर आपके साथ भी ऐसा कुछ होता है तो आप बिल्कुल सही पोस्ट पर है , यहां आप जानेंगे कुछ ऐसी तकनीक जिनको सीख कर आप अपने आप को और अपने आईडिया को खुलकर एक्सप्रेस कर पाएंगे |

अपने दिल की बात और ideas को लोगों के सामने कैसे express करें


 Political speech technique

 

आपने नेताओं को कुछ स्पीच देते हुए जरूर सुना होगा  , आप अगर ध्यान से देखें तो जब स्पीच देते हैं तो इधर-उधर की बातें नहीं करते , और ना कर सकते हैं अगर गलती से कुछ और बोल गए तो उनकी आज की स्टेटमेंट कल की खबर बन जाएगी | इसलिए वह अपनी स्पीच की पहले से ही प्रिपरेशन करते हैं , और कई बार प्रैक्टिस करते हैं  फिर वह स्पीच के द्वारा लाखों लोगों को इनफ्लुएंस करते हैं और लोग उनके भाषण को सुनकर के तालियां बजाते है ; यह तकनीक आप भी अपना सकते हैं आपको क्या करना है  , मिरर के सामने खड़े होकर लगातार बोलने की प्रैक्टिस करनी है और खुद को देखना है कि आप किस तरह से स्पीच दे रहे हैं , क्या आप कॉन्फिडेंस है  ? क्या आप को बोलने में दिक्कत हो रही है ? क्या आप अटक रहे हैं ? खुद को ध्यान से ऑब्जर्व करें और तब तक लगातार शीशे के सामने खड़े होकर अभ्यास करे जब तक आपके अंदर की हिचक खत्म ना हो जाए |



Topic

मिरर के सामने प्रैक्टिस करने से पहले आपको अपने टॉपिक सुनिश्चित करना पड़ेगा कि आप किस टॉपिक पर बात करने वाले हैं जिससे आपका अभ्यास करना सरल हो जाएगा |

Easy topic

जब आप इस तकनीक का प्रयोग करें तो इजी टॉपिक से शुरुआत करें , जिस विषय पर आपको लगता है कि आप बोल सकते हैं जैसे किसी का क्रिकेट हो सकता है तो किसी को कंप्यूटर हो सकता है ; जिस फील्ड में आपका इंटरेस्ट हो उस टॉपिक से शुरुआत करें , अगर आपको अभी भी समझ में नहीं आ रहा कि कौन सा टॉपिक सेलेक्ट करें तो आप इंटरनेट से कोई टॉपिक ढूंढ ले और उसे अपनी नोटबुक पर लिख ले और फिर शीशे के सामने खड़े होकर लगातार उसे दोहराए प्रैक्टिस करें और खुद को देखें कि आप किस तरह से उस स्पीच को डिलीवर कर रहे हैं और लगातार निरंतरता के साथ प्रैक्टिस करते रहे देखते देखते ही आपको कॉन्फिडेंस आने लगेगा और आपकी हिचक खत्म हो जाएगी,  |

Difficult topic

अब आपने इजी टॉपिक पर पकड़ बना ली है  , अब आपको कुछ ऐसे टॉपिक लेने हैं जो आपके लिए डिफिकल्ट हो जिनकी आपको नॉलेज या इंटरेस्ट कम हो और फिर नोटबुक में लिखकर के उन्हें शीशे के सामने बोलने की प्रैक्टिस करें , और फिर देखते ही देखते आपको लगने लगेगा कि अब आप किसी भी टॉपिक पर बात कर सकते हैं , आपकी झिझक धीरे-धीरे खत्म हो जाएगी और अब आप किसी भी टॉपिक पर बात करने के लिए तैयार हो जाएंगे , |


नए लोगों से मिलिए

आपने तकनीक तो सीखली , अब बात आती है उसे रियल लाइफ में अप्लाई करने कि ; अब आप अपने पुराने दोस्तों को छोड़ कर के कुछ नए दोस्त बनाइए और नए नए लोगों से मिलिए , नए नए टॉपिक पर चर्चा कीजिए आप देखेंगे कि आप आसानी से लोगों को अपनी बातों से इन्फ्लुएंस कर पा रहे हैं और अपने आप को बेहतर ढंग से एक्सप्रेस कर पा रहे हैं और बिना किसी झिझक के  किसी भी टॉपिक पर आप बात कर पा रहें हैं ,|


Mental Rehearsal 

अब आपको अपने मानसिक स्तर पर अभ्यास करना है , जब आपको किसी व्यक्ति को इंप्रेस या इन्फ्लुएंस करना हो तो माइंड में पहले से ही सोच ले कि मैं किस तरह से बात करूंगा और किस तरह से हमारी बातें शुरू होगी और मैं किस तरह से उन बातों को आगे बढ़ा लूंगा  ;  अगर कोई ऐसी लड़की जिससे बात करना चाहते हैं तो पहले से ही माइंड में एक फिल्म की तरह चलाइए कि आप किस तरह से उस लड़की से मिलेंगे , वह आपको देखेगी और आप किस तरह से अपनी बात शुरू करेंगे और आगे क्या क्या बात करेंगे , आप अपने डायलॉग पहले से प्रिपेयर कर सकते हैं , यहां पर आप अच्छे से अच्छे के लिए प्रिपेयर करिए और बुरे से बुरे के लिए भी तैयार रहिए ,  हो सकता है लड़की हां कहे या ना कहे पर आपकी प्रिपरेशन पूरी होनी चाहिए इसलिए पहले से माइंड में रिहर्सल कर लीजिए ताकि आप बात करते वक्त नर्वस ना हो कि क्या बोलूं कैसे बोलू |

इस तकनीक को अपनाकर आप अपने विचारों को और खुद को अच्छी तरह से एक्सप्रेस कर पाएंगे , बिना किसी झिझक के और लोगों को इनफ्लुएंस कर पाएंगे लेकिन आपको निरंतर अभ्यास की जरूरत है , इसलिए शुरू हो जाइए , अगर आपको हमारी पोस्ट पसंद आई है तो कमेंट बॉक्स में अपना फीडबैक अवश्य दें |




Story telling in Hindi। कहानियां सुनाना सीखें

 क्या आप लोगों को प्रभावित करना चाहते हैं ? क्या आप चाहते हैं लोग आपको सुनकर मंत्रमुग्ध हो जाए ? वह आपकी बातों में खो जाएं अगर आपका उत्तर हां है तो आपको कम्युनिकेशन स्किल का एक ऐसा टॉपिक पर महारत हासिल करनी होगी जिसको Story telling कहते हैं , 


Story telling in Hindi


क्या आपको कहानियां सुनना पसंद है ? जरूर इसका उत्तर हां में होगा क्युकी हम सभी को कहानियां सुनना पसंद है बचपन में हम अपने मम्मी पापा या दादा दादी से कहानियां सुना करते थे , और फिर हमारे दादा  दादी तरह तरह की कहानियां सुनाते  थे  कभी राजा रानी की तो कभी जंगल में रहने वाले खूंखार आदिमानव की , हम सभी ध्यानूर्वक उन कहानी को सुना करते थे और बाद में उनके बारे में सोचते थे , आज भी जब कोई व्यक्ति अपनी बातें कहनी के रूप में सुनाता है तो हम बड़े चाव से सुनते हैं Story telling एक कला है जो सीखी जा सकती है , अगर आप चाहते है कि लोग आपको बाते ध्यानपूर्वक सुने लोग आपकी बात माने तो आपकों यह कला आना बहुत आवश्यक है ।आज आप सीखेंगे की story कैसे सुनाएं ?







कहानी के पीछे का संदेश


हर कहानी के पीछे कोई ना कोई संदेश होता है राम ने रावण को क्यों मारा ? इसका संदेश है बुराई पर अच्छाई की जीत होती है  । आप जब भी कोई कहानी सुनाने वाले हैं तो आपको सबसे पहले पता होना चाहिए कि इस कहानी को सुनाने के पीछे आपका उद्देश्य क्या है इस कहानी का संदेश क्या है ? आप कहानी के अंत में ऐसा क्या बोलेंगे जिससे आप की कहानी का उद्देश्य समझ में आए इसलिए पहले से ही सोच ले कि आप यह कहानी क्यों सुनाने जा रहे हैं ।


कहानी सुनाते समय visualize करें


किसी भी इंसान को वह चीज हमेशा याद रहती है जो उसके मस्तिष्क में एक पिक्चर की तरह चलती है इसलिए कहानी सुनाते समय आप उस कहानी का मुख्य किरदार खुद को समझ कर कल्पना करते हुए सुनाइए और इस तरह से कहानी सुनाइए जैसे आप कोई फिल्म दिखा रहा है , जैसे आपने कहानी सुनाने के दौरान बोला आप एक घने जंगल में फस गए तो आप उसे मस्तिष्क में देखिए कि घना जंगल है उसके आसपास हवाएं कैसी चल रही हैं फिर पत्तियों की सरसराहट की आवाज कैसी आ रही है और क्या जंगली जानवरों की आवाज आ रही होगी इस तरह से बताएं कि सामने वाले व्यक्ति एक फिल्म की तरह मस्तिष्क में सोचे ,आप सामने वाले व्यक्ति को तभी कल्पना करा पाएंगे जब आप खुद कल्पना कर पाएंगे ।


कहानी की शुरुआत


कहानी की शुरुआत हमेशा past से करें और फिर धीरे-धीरे present  में लाए , आप अपने बारे में कुछ बता रहे हैं कि किस तरह से आपने क्या गैंगस्टर का एनकाउंटर करने में पुलिस की मदद करी , तो आप इसकी शुरुआत कुछ इस तरह से कर सकते हैं जब मैं छोटा था तो बचपन के दौरान पुलिस वालों को देखना मुझे बहुत पसंद है कुछ इस तरह से चोरों को पकड़ते थे मुझे बहुत अच्छा लगता था बचपन से ही मैं पुलिस में जाना चाहता था पर मेरा यह सपना अधूरा रह गया एक एक्सीडेंट के दौरान मेरा एक पैर धड़ से अलग हो गया लेकिन आज मुझे ऐसा प्रतीत हो रहा है कि मेरा सपना पूरा हो गया मैंने पुलिस की मदद करके अपना सपना पूरा किया , आपने देखा कि इस कहानी में किस तरह से हमने कहानी की शुरुआत बचपन से करते हुए फिर धीरे-धीरे उसे अपने प्रमुख बिंदु पर लेकर आए इसलिए कहानी की शुरुआत हमेशा भूतकाल से करें और से धीरे-धीरे उसे वर्तमान में लाएं  ।




बॉडी लैंग्वज का प्रयोग करें 


कहानी सुनाने के दौरान अपने शरीर का और अपने हाव-भाव का उपयोग करें जैसे आप कहते हैं कि मैं एक घने जंगल में था मैं पेड़ के नीचे खड़ा था तभी एक सेब मेरे सिर पर गिरा , मैंने उसे गौर से देखा तो  मै आश्चर्य में पड़ गया वह एक चमकता हुआ सोने का सेब था , अब कहानी सुनाते समय ऐसे प्रदर्शित करें की सच में सेब आप पर गिरा हो और आपने अपने हाथ से उसे उठाया , और उसे आश्चर्य से देखा यह बताते समय आप हाव भाव का इस्तेमाल करके कहानी में जान ला देंगे ।



कुछ ऐसा जो हमेशा याद रहे 


कहानी  सुनाते समय कुछ ऐसी बातें बताएं जो कहानी सुनने वाले को याद रहे , जैसे आपने पीछे पढा कि एक व्यक्ति सुनसान जंगल में अकेला भटक रहा है चारों तरफ तेज हवाएं चल रही हैं पत्तियों की सरसराहट की आवाज आ रही है चारों तरफ से जंगली जानवरों की आवाजें गूंज रही हैं तभी व्यक्ति एक पेड़ के नीचे खड़े होकर जंगल से निकलने के बारे में सोच रहा होता है अचानक  उसके सिर पर एक सेब गिरता है , वह सेब चमक रहा होता है वह व्यक्ति उस सेब को आश्चर्य से देखता है और सोचता है यह सेब सोने का कैसे है , अब वह आश्चर्य से उस पेड़ की अोर देखता है उसे अपनी आंखों पर भरोसा नहीं होता उस पेड़ पर कई सारे सेब लटक रहे है जो सोने के हैं  । इस कहानी में आपको यह हमेशा याद रहेगा कि सेब जो कि सोने का था , वो पेड़ जिसमें सोने के सेब लगे थे , इसीलिए कहानी सुनाते समय कुछ ऐसा जरूर बताएं जो कहानी सुनने वाले व्यक्ति को हमेशा याद रहे ।



आवाज में उतार चढ़ाव लाएं


आवाज में उतार चढ़ाव कहानी के अंदर एक रोचक अनुभव ला देता है इसीलिए कहानी सुनाते समय अपनी आवाज के साथ खेलें ।



डिटेल्स के साथ सुनाएं 


जब आप किसी कहानी में डिटेल्स बताते हैं तो सामने वाले व्यक्ति के मस्तिष्क में कहानी के जरिए तस्वीरें आने लगती है , हम फिर वापस अपनी कहानी में आते हैं जो व्यक्ति ने पेड़ पर सोने के सेब लगे देखें तो उसने पेड़ पर चढ़ने का फैसला किया जैसे ही वह पेड़ पर चढ़ने लगा तभी उसे दो व्यक्ति आते हुए दिखाई दिए जो कि खुद को पेड़ के पत्तों से ढके हुए थे उनमें से एक के हाथ में लाल रंग का एक बड़ा सा पत्थर था और उनके साथ में एक विशाल नीले रंग का हाथी था अभी यहां पर क्या हुआ होगा जब आपने लाल पत्थर और नीले हाथी के बारे में सुना तो आपके मस्तिष्क में तुरंत लाल पत्थर और नीले हाथी की तस्वीर आई होगी क्योंकि हमारा मस्तिष्क तस्वीरों के रूप में सोचता है इसलिए जब भी कहानी सुनाएं डिटेल के साथ सुनाएं ।



कहानी में सस्पेंस लाएं


कहानी सुनाने के दौरान सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है आपका सस्पेंस आप सुनने वाले को किस तरह से प्रभावित करते हैं आप किस तरह से कहानी के दौरान सस्पेंस बिल्ड करते हैं कि सामने वाले व्यक्ति व्याकुल हो जाए कि अब आगे क्या होगा , आपने एक सवाल जरूर सुना होगा की कटप्पा ने बाहुबली को क्यों मारा? इस सवाल के सस्पेंस में मूवी को करोड़ों रुपए कमा कर दिए इसी प्रकार अपनी कहानी के दौरान ऐसा सस्पेंस बिल्ड करिए कि सामने वाले व्यक्ति जानने के लिए उत्साहित हो जाएगी अब आगे क्या होगा ।



कहानी का सार 


और अंत में अपनी कहानी की समाप्ति एक मैसेज के साथ करें जो सामने वाले को कुछ सिखाएं ।





अभ्यास सफलता की कुंजी है कहानी सुनाना एक कला है जोकि निरंतर अभ्यास के जरिए आप सीख सकते हैं , जब भी आप कोई कहानी सुने तो ध्यान दे की कहानी में किस तरह से सस्पेंस बिल्ड किया गया है , अगर आपको हमारी पोस्ट पसंद आया है तो कमेंट व शेयर करके अपना फीडबैक दें


Aura क्या है ? शक्तिशाली बनाएं अपना औरा

Develop personal mastery blog का मुख्य उद्देश्य आपके personality के हर पहलू का विकास करें , जैसे कम्युनिकेशन स्किल , बॉडी लैंग्वेज , प्रेजेंटेशन स्किल , कॉन्फिडेंस , फैशन ,ग्रुमिंग आपके व्यक्तित्व के हर पहलू का विकास करना । इस ब्लॉग पर आपको व्यक्तित्व के सभी पहलुओं का विकास ही नहीं करना बल्कि इस तरह निखारना  है कि जब भी आप किसी व्यक्ति से मिले या आप किसी भी जगह पर जाएं तो आप अपनी अलग ही पहचान छोड़कर आए सामने वाले व्यक्ति के मस्तिष्क में यह छाप बन जाए कि जिस व्यक्ति से मैं मिला उसका व्यक्तित्व ही कुछ अलग है  , आप एक महत्वपूर्ण व्यक्ति बन जाएंगे जिसकी सभी रिस्पेक्ट करेंगे लोग आपके साथ रहना चाहेंगे , आपके साथ समय बिताना चाहेंगे ।

आप इस पोस्ट में जिस टॉपिक के बारे में जानने वाले हैं वह एक ऐसा पावर पॉइंट है अगर आपने इस पर काम करना चालू कर दिया तो लोग आपसे अनजाने में ही इनफ्लुएंस हो जाएंगे आपके बिना कुछ बोले और बिना कुछ करें यहां पर हम बात करने वाले हैं औरा Aura के बारे में  , औरा क्या होता हैऔरा का हिंदी अर्थ क्या होता है , औरा  स्ट्रांग और पावरफुल कैसे बनाएं









औरा क्या है ?

औरा का हिंदी अर्थ होता है आभामंडल 

आपने जलती हुई कैंडल देखी होगी , जब वह जल रही  ही होती तो उसके आग के चारों तरफ एक चमकीली सी आकृति होती है  आप खुद को उस कैंडल की नोक मानिए  जो जल रही है और जो आसपास उसके चमकीली आकृति है वह आपका औरा है , इस विश्व में प्रत्येक व्यक्ति और वस्तु का अपना आभामंडल होता है सारी प्रकृति एक ऊर्जा का रूप है प्रकृति बस आए हर एक कण ऊर्जा के द्वारा संचालित होता है और प्रत्येक वस्तु का अपना और होता है आपका औरा निर्भर करता है कि आप लोगों को कितनी  जल्दी आकर्षित कर पाएंगे , आपने देवी-देवताओं के चित्र में सर के पीछे से किरणें निकलती देखी होगी यह और होता है ,सिद्घ व्यक्तियों में यह उच्च स्तर पर होता है , इसकी एनर्जी व्हाइट से लेकर ब्लैक तक होती है , व्हाइट सकरात्मकता का प्रतीक होता है और ब्लैक नकरात्मक का  , औरा को मापने के लिए मशीन भी बनाई जा चुकी है जिसको  Polycontrast Interference Photography कहते हैं ।




औरा कैसे कार्य करता है ?


यह ब्रह्मांड पांच तत्वों से मिलकर बना है और वही पांच तत्वों से मिलकर एक इंसान भी बना है वह तत्व है पृथ्वी, जल, अग्नि, वायु और आकाश। इसीलिए जो ब्रह्मांड में है वह आपके अंदर भी है और जो आपके अंदर है वह ब्रह्मांड में भी है जब भी आप पांच तत्वों के संपर्क में आते हैं जो आपका औरा इंफ्लूएंस होता  है ,





औरा का पॉज़िटिव और पावरफुल बनाऐ 


जब भी आप इन पांच तत्वों के संपर्क में आते हैं तो आपका औरा शुद्धिकरण होने लगता है इसलिए ज्यादा से ज्यादा इन पांच तत्वों के संपर्क में रहें।

पंचतत्व स्नान करें

आपने अक्सर देखा होगा जब आप किसी से मिलकर या कहीं से यात्रा करके आते हैं तो आपको आपका शरीर भारी भारी प्रतीत होता है और आप जब पानी से स्नान कर लेते तो आप तरोताजा महसूस करने लगते हैं इसी तरह जब आप पहाड़ियों पर शोर-शराबे से दूर एकांत जगह पर जाते हैं तब आपको एक सुकून का एहसास होता है वहां की ठंडी ठंडी हवा को महसूस करते हैं तो अब तरोताजा महसूस होने लगते है अक्सर कई लोग mudbath भी लेते हैं इसमें शरीर पर मिट्टी का लेप लगाया जाता है जिससे आपके शरीर को ठंडा को ताजगी मिलती और आपके शरीर से टॉक्सिन से निकल जाते है ठीक इसी प्रकार भारतीय संस्कृति में आरती का प्रचलन है जिस में आग को चारों ओर घुमाया जाता है क्योंकि हम आग से सीधे तो स्नान कर नहीं सकते इसलिए हम आपको अपने चारों ओर घुमा कर शुद्धिकरण करते हैं और इस प्रकार हमारा औरा शुद्ध हो जाता है ।




ध्यान करें 





जो व्यक्ति निरंतर ध्यान करता है उस व्यक्ति का औरा अत्यधिक प्रभावशाली होता है ,प्रत्येक धर्म  में कुछ ऐसी मंत्र या दुआ होती हैं जिनको जपने से हमारा औरा शुद्धिकरन होता है , आप ॐ का जाप कर सकते हैं नासा की एक रिपोर्ट में साबित हुआ है कि ओम एक ब्रह्मांड ध्वनि है जिसके जाप से  सीधे ब्रह्मांड के संपर्क में आ जाते है
 और आपका औरा अब प्रभावशाली होने लगता है । 







आपके विचार 


आपके विचार सबसे ज्यादा शक्तिशाली होते हैं आप जैसा सोचते हैं वैसा बनने लगते हैं जब आप किसी व्यक्ति या वस्तु के बारे में अच्छा सोचते हैं तो आपका औरा सकरात्मकता रूप से बढ़ने लगता है और जब आप किसी व्यक्ति या वस्तु के बारे में बुरा सोचते तो आपको और मात्र एक क्षण में नकारात्मक रूप से घटने लगता है अक्सर हम लोगों की बुराइयां करते रहते हैं इसके कारण हमारा औरा  वाइट से  ब्लैक होने लगता है  इसलिए लोगों के की बुराइयां देखने से बचें जब आप उनके बारे में अच्छा सोचते हैं तब  आप के साथ भी  अच्छा होता है प्रकृति का एक नियम है जो सभी पर लागू होता है आप जो बुओगे वैसा ही काटोगे   और लोगों में पॉजिटिव खोजने की कोशिश करें  ।



ज्यादा से ज्यादा प्रकृति के साथ संपर्क में रहिए ,पंचतत्व स्नान करिए , लोगों के बारे में अच्छा सोचे , ध्यान करिए अपना औरा स्ट्रांग वह पावरफुल बनाइए इस पोस्ट में आपने जाना की औरा क्या है औरा कैसे कार्य करता है औरा का हिंदी अर्थ और औरों को पॉजिटिव कैसे बनाएं अगर आपको हमारी जानकारी पसंद आई हो तो कमेंट  व शेयर करें हमारा उत्साह बढ़ाएं




Time management tips in hindi टाइम मैनेजमेंट बुक इन हिंदी ?

Time management in Hindi

सबसे पहले हमें समझना होगा आखिर टाइम मैनेजमेंट क्या है टाइम मैनेजमेंट करना क्यों जरूरी है Time management skill एक ऐसी कला है जिसके बारे में सभी को  जानने की आवश्यकता है  , क्योंकि हम सभी के पास सीमित समय  है और एक एक निर्धारित समय अवधि है चाहे वह व्यक्ति अमीर हो या गरीब छोटा हो या बड़ा सभी व्यक्ति के लिए समय की मात्रा एक समान है और काम की कोई सीमा नहीं है आपके पास बहुत से काम है जो करने हैं लेकिन उन सभी को करने के लिए कभी पर्याप्त समय ही नहीं होता आप एक्सरसाइज करना चाहते हैं आप किताबें पढ़ना चाहते हैं आप कोई नई स्किल सीखना चाहते हैं आप कुछ समय अकेले बिताना चाहते हैं लेकिन सच तो यह है कि आपको अपने काम से फुर्सत ही नहीं मिलती है आप समय पर नियंत्रण नहीं कर सकते हैं परंतु खुद पर  नियंत्रण करके समय रहते अपना काम खत्म करके और भी बहुत सी चीजें हैं जो आप करना चाहते हैं वह सब कर सकते हैं बस शर्त यह है कि आपको अपने सोचने और काम करने के तरीकों को बदलना है इस पोस्ट में हम कुछ ऐसे time management tips और नियम के बारे में  जानेंगे कि जिनका प्रयोग करके  आप समझेंगे टाइम मैनेजमेंट कैसे करें  और अपने मनचाहे काम कर पाएंगे 







Time management  के तीन क्रांतिकारी नियम

यहां पर  Time management tips संबंधित तीन ऐसे महत्वपूर्ण नियम बताए गए हैं जिनका प्रयोग कर के आप अपना समय प्रबंधन कर पाएंगे 





10/90 का नियम 


10/90 का नियम एक महत्वपूर्ण नियम है समय प्रबंधन के लिए इस नियम का मूल का आधार है कि किसी भी काम को शुरू करने से पहले उसकी योजना बना लेनी चाहिए और उसको समझने में  आपको अपने पूरे समय का 10 परसेंट समय लगाना चाहिए इससे होता क्या है आप अपने मस्तिष्क में एक ऐसा मैप बना लेते हैं की आपको इस कार्य को किस तरह से करने वाले हैं जिस कारण से काम ज्यादा तेजी से और सुचारू रूप से होने लगता है और आप अनुमान से ज्यादा तेजी से काम निपटा पाएंगे ,किसी काम की योजना बनाने में लगाया गया 10 परसेंट समय आपका बहुत सा समय बर्बाद होने से बचा लेता है ।

  • हमेशा कोई भी महत्वपूर्ण कार्य करने से पहले उसे एक बार कागज पर लिख कर उस पर विचार विमर्श कर ले कि आप इस कार्य को क्यों करने वाले हैं और इसको किस तरह से करने वाले हैं ऐसा करने से आप पहले से ही मस्तिष्क में एक ऐसा रोड माप बना लेते हैं जिससे कोई भी काम करना आसान हो जाता है इसलिए कहा गया है कागज पर सोचे ।






20/80 का नियम (पैरेटो सिद्धांत)


अगर कहा जाएं कि समय प्रबंधन का यह नियम सबसे क्रांति नियमों में से  एक है तो ऐसा कहना गलत नहीं होगा , इसे पैरेटो सिद्धांत भी कहते हैं इतालवी अर्थशास्त्री विल्फ्रेडो पैरेटो ने सबसे पहले 1895 मैं इसके बारे में लिखा था पैरेटो ने गौर किया कि समाज में लोग स्वाभाविक रूप से दो भागों में विभाजित हैं जो टॉप क्लास में था जिनके पास पैसा और प्रभाव के मामले में वे 20 परसेंट में आते थे और वही समाज में एक दूसरा धड़ था जो हमेशा पैसे की तंगी झेलता रहता था यह है निचली लोवर क्लास जो 80 परसेंट में आते थे ,
उदाहरण के तौर पर यह सिद्धांत कहता है आपके 20 परसेंट एक्शन आप का 80 परसेंट रिजल्ट देंगे, आपके 20 परसेंट कस्टमर आपकी 80 परसेंट बिक्री करवाएंगे , आपके 20 परसेंट प्रोडक्ट आपको 80 परसेंट मुनाफा दिलाएंगे , आप खुद से समझिए आप ऐसे 10 काम कागज पर लिखिए जो आपके लिए महत्वपूर्ण है अब आप उनमें से देखिए 2 - 3 काम ऐसे होंगे जिनको करने से आपको सबसे ज्यादा रिजल्ट मिलेगा इस नियम के अनुसार यही वह  20 परसेंट काम है जो आपको सबसे ज्यादा 80 परसेंट रिजल्ट देंगे लेकिन होता क्या है हम अक्सर अपना पूरा समय उन 80 परसेंट कामों में लगा देते हैं जिन का रिजल्ट मात्र 20 परसेंट हमें मिलता है और हम उन कामों को भूल जाते हैं जिनसे हमें सबसे ज्यादा रिजल्ट मिलना होता है यह नियम जीवन के हर क्षेत्र पर लागू होता है आप किसी भी क्षेत्र में देख लीजिए जो शीर्ष पर 20 परसेंट लोग होंगे वह सबसे ज्यादा अस्सी परसेंट फायदा उठा रहे हैं इसीलिए 20 परसेंट वाले कामों पर फोकस करिए जिनसे आपको 80 परसेंट रिजल्ट मिलना है और सबसे पहले वह काम करें जिनको करने से सबसे ज्यादा रिजल्ट मिले ।





ABCDE तकनीक

यह हमारी पोस्ट का तीसरा और आखिरी नियम है अगर किसी कार्य को शुरू करने से पहले आप उसका नियोजन और उसकी प्राथमिकताएं तय कर लेते हैं तो आप काम को आसानी से कर लेते हैं यह तकनीक इतनी सरल है कि आप इसका नाम पढ़कर ही समझ गए होंगे कि यह तकनीक क्या है इस तकनीक के अनुसार आपको जो कार्य करने हैं उनको एक कागज पर लिख ले और सभी कार्यों की सूची बना ले अब इस नियम के अनुसार उन कामों को उनकी इंपोर्टेंस के आधार पर ABCDE के आधार पर क्रमअनुसार बांट दे ,

 A -यह वो काम है जो आपके लिए सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण हैं यह अनिवार्य है अगर आप इनको नहीं करते तो आपको लेने के देने पड़ जाएंगे जैसे आपके बॉस ने आज मीटिंग रखी है और आपको उसमें जाना है ,

 B - यह को काम है जो आपको करने चाहिए ,जैसे ईमेल्स पढ़कर उनका उत्तर देना जो जरूरी है ,

 C - यह को काम है जो करने के लिए तो अच्छे हैं पर इनको ना किया जाए तो भी कोई फर्क नहीं पड़ेगा जैसे किसी दोस्त को फोन करना , किसी दोस्त के साथ पिक्चर देखने जाना

 D -यह वो काम है जो कोई और आपके लिए कर सकता है जैसे किसी को लेने जाना या किसी को लेने जाना

 E - यह वो काम है जो आपको बिलकुल भी नहीं करना ह जैसे कई घंटों तक टीवी देखते रहना सोशल मीडिया पर ज्यादा वक्त बिताना ।

आप इस नियम के अनुसार अपने कामों की सूची बनाकर उनको क्रम संख्या में बांट दें और सबसे पहले वही काम करें जो आपके लिए महत्वपूर्ण है सबसे पहले  A वाला करें जब यह A वाला खत्म हो जाए तब B की और जाएं








यह ऐसे तीन नियम है जिनका का प्रयोग करके आप अपने समय को महत्वपूर्ण तरीके से प्रयोग करेंगे आप अपने समय का इस्तेमाल असरदार तरीके से कर पाएंगे अगर आप जानना चाहते है कि टाइम मैनेजमेंट स्किल क्या है और टाइम मैनेजमेंट कैसे करें तो आप हमारी पोस्ट Time management in hindi देेख सकते है ,अकसर  लोग दूढ़़ते  हैं time management book in hindi मैं आप सभी को टाइम मैनेजमेंट बुक जोकि हिंदी में है सबसे मुश्किल काम , सबसे पहले यह Eat that Frog का हिंदी रूप है जोकि ब्रायन ट्रेसी द्वारा लिखी गई है , इस किताब को  आप पढ़  सकते है अगर आपको हमारी पोस्ट  पसंद आयी है  तो शेयर व कॉमेंट कीजिए ।

Dressing sense for Men in hindi 5 best फैशन टिप्स

Personality development   एक ऐसी skill है  जिसमें ड्रेसिंग सेंस का बहुत महत्त्व है  आपका ड्रेसिंग सेंस कैसा है आप किस तरह से अपने कपड़े पहनते हैं आप जब कहीं जाते हैं सब लोग आपको कपड़ों को देखकर  आपकी पर्सनालिटी समझने लगते हैं   कि आप किस तरह के व्यक्ति हैं आपके पहने हुए कपड़े आपको  रिप्रजेंट करते हैं जब आप doctor lawyer businessman यह शब्द सुनते हैं तब आपको मस्तिष्क में इनकी तस्वीर जरूर आई होगी   इस तस्वीर में आपको डॉक्टर कुर्ता पायजामा में और बिजनेसमैन jeans टीशर्ट मैं नहीं दिखा होगा  कहीं ना कहीं आप  आपके द्वारा पहनी गई ड्रेस  लोगों को संकेत देती है कि आप किस तरह के व्यक्ति हैं यहां पर कुछ ऐसे टिप्स दिए गए हैं जिनके द्वारा आप  जानेंगे  की अपना  dressing sense  कैसे इंप्रूव करें









    dressing sense tips


  अपना wardrobe खाली करें 


 जहां पर भी आपके सारे कपड़े रखे हैं उन्हें बाहर निकालिए क्योंकि आज आप कुछ नया सीखने वाले अब आप आपके पूरे कपड़ों में से कुछ ऐसे होंगे जो आपको बहुत पसंद है जिनको आप पहनना  पसंद करते हैं अब आप देखेंगे कि बहुत से ऐसे कपड़े हैं जो आपके पास तो है पर आप मुझे उन्हें पहनना पसंद नहीं करते अब आपको सबसे पहले समझना होगा क्वांटिटी मैटर नहीं करती कि आपके पास कितने कपड़े हैं अगर आपके पास कपड़े ज्यादा ना हो तो भी चलेगा पर वह ऐसे हो जो पहनने पर आपको अच्छे लगे क्वालिटी हो जब भी  कपड़े खरीदें सोच समझकर खरीदें




 अपना fashion sense भूल जाइए



अब आप फिर नया फैशन से सीखने वाले हैं कि आपको अपना पुराना फैशन सेंस भूलना होगा  जब आप कुछ पुराना भूलेंगे तभी तो कुछ नया सीखेंगे  अब आप नया सीखने के लिए तैयार हैं . 



  ऐसा फैशन जो हमेशा रहे    


 यहां पर हम all time fashion के बारे में बात करेंगे यह फैशन जो हमेशा रहता है कुछ कपड़े और कलर ऐसे हैं जो हमेशा फैशन में रहते हैं यहां पर जो चीजें बताइए जो आपको सिंपल लग सकती हैं पर
                   Simplicity has more power 



 T-shirt 👕

आपके पास कम से कम एक Black और एक White टी शर्ट होनी चाहिए


Shirt👔

 आपके पास कम से कम एक ब्लैक और एक वाइट कलर की एक अच्छी क्वालिटी की शर्ट होने चाहिए 

Trousers/chinos pants👖

आपके पास कम से कम एक ब्लैक और एक वाइट कलर का chinos  या trousers  होना चाहिए

Jeans👖

आपके पास कम से कम एक डार्क ब्लू कलर का जींस होना चाहिए यह कलर का जींस हमेशा से फैशन में रहा है, 


Blazers

 आपके पास कम से कम एक ब्लेजर होना चाहिए


Black and white   यह ऐसे कलर है जो हमेशा फैशन में रहते हैं ,






                             फिट है तो हिट है


 फिट होना  एक महत्वपूर्ण आवश्यकता है चाहे वह आप हो कि आपके कपड़े अभी आप क्या कर सकते हैं यह तो आप खुद फिट हो जाएगी या फिर अपने कपड़े फिट करा लीजिए आप अपने टेलर के पास  जाइए और अपने कपड़े   फिट करने के लिए बोलिए   आपके कपड़े इस तरह से फिट होने चाहिए कि ना ही ज्यादा टाइट हो और ना ही ज्यादा ढीले

            





 कलर्स के साथ एक्सपेरिमेंट शुरू करें


 जब आप सिंपल ऑल टाइम फैशन सेंस समझ ले तब आप दूसरे कलर्स के साथ धीरे-धीरे करके एक्सपेरिमेंट करें आप धीरे-धीरे करके मैंने कलर ट्राई करिए और सीखिए कि किस तरह से कलर मैचिंग की जाती है आप पर कौन सा कलर अच्छा लगता है इसी तरह से आपका फैशन सेंस इंप्रूव होगा


 एक अच्छा सा परफ्यूम खरीदें

कम से कम एक अच्छा सा परफ्यूम प्रयोग करिए जब आप लोगों से मिलेंगे तो आपका अच्छा इंप्रेशन जाएगा आप शॉपिंग करते समय किसी ऐसे व्यक्ति की मदद ले सकते हैं जिसे ड्रेसिंग सेंस की अच्छी नॉलेज हो
 


 आपने इस पोस्ट में पढा कि  personality development dressing sense क्यों जरूरी है आप अपना dressing sense कैसे इंप्रूव कर सकते है  दिए गए Tips फॉलो करके  personality amazing  बनाइए अगर हमारी पोस्ट पसंद आई हो तो शेयर और कमेंट करके अपना फीडबैक जरूर दें

Personality development कैसे करें Best 7 tips to improve personality

आज के समय में आप जब भी किसी व्यक्ति से मिलते हैं तो आप सबसे पहले अपनी पर्सनालिटी के हिसाब से जज किए जाते हैं देखा जाता है आप कपड़े कैसे पहनते हैं आप किस तरह से बातें करते हैं आप किस तरह से चलते हैं और आप किस  तरह से उठते बैठते हैं इन सब के आधार पर मनुष्य की छवि अपने मस्तिष्क में बना लेते हैं पर्सनालिटी डेवलपमेंट एक कला है इसकी जानकारी प्रत्येक व्यक्ति को होनी चाहिए पर्सनल डेवलपमेंट के अंदर कम्युनिकेशन स्किल  fashion sense grooming आपकी बॉडी लैंग्वेज और आपका confidence  आ जाता है जिसे बढ़ाकर over all  पर्सनालिटी बेहतर कर सकते हैं इस आर्टिकल में आप पढ़ेगें की पर्सनालिटी  क्या है और personality डेवलपमेंट क्यों करें और personality development कैसे करें  संबंधित टिप्स 







      Personality क्या है?


Personality development का हिंदी अर्थ है  व्यक्तित्व विकास
 personality शब्द परसोना शब्द से बना है जिसका अर्थ होता है मुखौटा , यहां पर मुखौटा से मतलब है आप किस प्रकार से अपनी पर्सनालिटी दिखाते हैं यह आप पर निर्भर करता है पर हम यहां पर एक ऐसा व्यक्तित्व बनाने की बात करेंगे जो सभी को पसंद आए



     Personality  क्यों improve करनी चाहिए?


आप सभी जानते हैं कि आज के समय में आपको आपकी पर्सनालिटी के आधार पर आंका जाता है  personality develop करने का कारण है हम लोगों को अच्छी तरह से इनफ्लुएंस कर पाए   सभी हमारी इज्जत करें लोग हमें ध्यान दें हमें फॉलो करें हमारी तरह बनना चाहे आप अपना कम्युनिकेशन स्किल और कॉन्फिडेंस बढ़ाकर आप किसी को भी अट्रैक्ट कर सकते हैं , 



         Personality develop कैसे करें  ?



 यहां पर 7 ऐसे टिप्स दिए जा रहे हैं जिन पर काम करके आप अपनी personality is निखार सकते हैं . 

1 -  आपका फैशन सेंस कैसा है ? 





 आप जब भी किसी व्यक्ति से मिलते हैं तो सबसे पहले उसकी नजर आपकी ड्रेस पर ही पड़ती है वह आपके ड्रेस करने के तरीके द्वारा आपके  व्यक्तित्व को जज करता है आप ही सोचो अगर आप किसी डॉक्टर से मिलने जाते हैं आप किसी ऐसे दो डॉक्टरों से मिलते हैं जिनमें  जिनमें से एक ने डॉक्टर द्वारा पहने जाने वाले ड्रेस पहनी होती है और दूसरा डॉक्टर कुर्ता पायजामा पहने हुए अपने केबिन में बैठा है अब आप ही बताइए आप किस डॉक्टर के पास जाना पसंद करेंगे इसीलिए आपको  फैशन के कम से कम बेसिक नियम पता होना चाहिए की किस समय कौन से कपड़े पहनने हैं और कौन से कलर  आप पर अच्छे दिखते हैं इसके साथ-साथ आपको अपनी ग्रूमिंग पर भी ध्यान देना चाहिए साफ रहे स्वच्छ रहे सुंदर रहे


2 -  सभी की रिस्पेक्ट करें


जब भी आप किसी से मिले तो तहजीब से मिले   आप जानना चाहते हैं कि किसी व्यक्ति से किस तरह मिले  तो आप हमारी पोस्ट Greeting and meeting tipsपढ़ें सभी की इज्जत करें चाहे सामने वाला व्यक्ति आपसे   छोटा या बड़ा हो चाहे वह उम्र में हो या औधे में हो ऐसे लोग किसी को पसंद नहीं आते जो अपने से बेहतर लोगों की चमचागिरी करते हैं और अपने से छोटों को  रिस्पेक्ट नहीं देते इसलिए आप सभी  की respect करिए किसी ने क्या खूब कहा है सामने वाले से वैसा ही व्यवहार करें जैसा आप अपने लिए चाहते हैं



3 -  जो बोलें, वह जरूर  करें


 आप अक्सर ऐसे लोगों से मिलते होंगे जो हमेशा ऐसी बातें करते होंगे कि मैं यह कर दूंगा  मैं यह वस्तु ले रहा हूं   लोगों का ध्यान आकर्षित करने के लिए हमेशा बड़ी-बड़ी बातें करना और हमेशा अपने बारे में ही बातें करते रहना ऐसे लोग किसी को पसंद नहीं आते हैं जो बोले सो सोच कर बोलो अगर आप कोई कमिटमेंट करते हैं तो उसको पूरा जरूर करें क्योंकि लोग उनकी इज्जत नहीं करते हैं जो केवल बोलते हैं और करते नहीं 



4 -  लीडर बने


 आपको अपने व्यक्तित्व इस तरह बनाना है कि जब आप बात करें तो सभी आपकी बातें ध्यान पूर्वक सुने लोग आपकी इज्जत करें जब भी किसी को कोई प्रॉब्लम है तो आपसे सलूशन की उम्मीद शुरू करें लोग आपकी तरह बनना चाहे.





5 -  अपनी आवाज के साथ के  खेलें


 Harvard University के शोध के अनुसार communication skill मे आपका वॉइस ट्यून 38 परसेंट रोल अदा करता है इसलिए बात करते समय इस तरह बोलिए कि सामने वाले व्यक्ति को आपकी आवाज साफ सुनाई दे  बात करते समय बीच-बीच में Pause अवश्य ले जो 2 या 3 सेकंड तक  होने चाहिए होता क्या है जब आप pause लेते हैं तो सभी की attention आपके पास आ जाती है बात करते समय pause अवश्य लें.




6 - दो या तीन टॉपिक पर महारत हासिल करें


आपके पास कम से कम दो या तीन एसे टॉपिक होना चाहिए जिन पर आप कभी भी कहीं भी बात कर सके जैसे क्रिकेट एक ऐसा टॉपिक है जिस पर लगभग सभी बात करना पसंद करते हैं अगर किसी को क्रिकेट नहीं पसंद है तो क्रिकेटर जैसे महेंद्र सिंह धोनी आप उनकी पर्सनल लाइफ के बारे में उनसे चर्चा कर सकते हैं इसी तरह से आप करंट अफेयर्स पर मास्टरी कर सकते हैं देखें कि आपके आसपास क्या हो रहा है अभी कौन सी ऐसी खबरें हैं जो सबसे ज्यादा चर्चित है आप इस टॉपिक पर सभी से बात कर सकते हैं ऐसे बहुत से टॉपिक हैं जिन पर ध्यान देकर आप सभी को इंप्रेस कर सकते हैं , 




7 - नई नई  Hobbies बनाइए


आपके पास कुछ ऐसी  Hobbies  जरूर होनी चाहिए  जिनको करने से आपका हेल्थ माइंड बॉडी सभी को फायदा हो जैसे आप जिम जा सकते हैं या फिर तो रहेंगे और साथ में ऐसे लोगों के साथ कनेक्ट होंगे जो अपने हेल्थ के प्रति सजग हैं इसी तरह से आप सक्सेसफुल लोगों की बायोग्राफी पढ़ सकते हैं आप देख सकते हैं कि उनके अंदर ऐसी कौन सी क्वालिटी थी जिसके कारण उनको सफलता मिली आप अलग-अलग टॉपिक पर किताबें पढ़ सकते हैं जिससे आपको नए-नए विचार जानने को मिलेंगे कम से कम कुछ ऐसी Hobbies बनाइए जो आपको बेहतर करना महत्वपूर्ण रोल निभाए




 आपने इस पोस्ट में पड़ा  पर्सनालिटी क्या हैpersonality क्यों  इंप्रूव  करेंपर्सनालिटी कैसे  डेवलप करें अगर आपको हमारी पोस्ट पसंद आई है तो comment और share  करके अपना फीडबैक  जरूर दें 



7 पावरफुल बॉडी लैंग्वेज टिप्स Body language in Hindi


एक समय ऐसा रहा होगा जब मनुष्य भाषा का प्रयोग नहीं जानता था , तब मानव जाति हाव भाव , संकेत और तरह-तरह की आवाज निकाल कर एक दूसरे तक अपना संदेश पहुंचाते थे , सदियोंं बीत जानेे के बाद भी यह गुण आज भी हमारे अंदर मौजूद है , अगर हम किसी व्यक्ति के चेहरे पर ध्यान दें तो उसके हाव भाव देखकर हम पता कर सकते हैं , कि वह व्यक्ति अच्छा महसूस कर रहा है या बुरा  , मनुष्य जो अपने मस्तिष्क में सोचता है , वह उसके शरीर में अनजाने रुप से प्रदर्शित होने लगता है अगर आप बॉडी लैंग्वेज पढ़ना सीख जाते हैं तो कहीं ना कहीं आप लोगों का दिमाग भी पढ़ सकते हैं , और हम जाने अंजाने अपनी बॉडी लैंग्वेज की भाषा से हम खुद को दिखा रहे होते हैं की इस समय हम कैसा महसूस कर रहें हैं तो यह आर्टिकल आपकी दो तरह से मदद करेगा पहला तो यह की आज खुद को समझ पाएंगे की जब बुरा महसूस कर रहे होते हैं या फिर खुशी होते हैं तब आप किस प्रकार से अपना body posture रखते हैं किस तरह से चलते हैं , कैसे बैठते हैं और भी बहुत कुछ , और दूसरा आप जब दूसरे को देखेंगे की वो किस तरह से बर्ताव कर रहें हैं , उनका बात करने का क्या तरीका होता है कैसे बैठते हैं कैसे चलते हैं , ये छोटी छोटी बातें हैं जो इंसान के बारे में बहुत कुछ बयां कर जाती हैं अब आपको पूरा आर्टिकल पढ़ना है और समझना है 7 पावरफुल बॉडी लैंग्वेज टिप्स !
 

इस आर्टिकल में आप पढ़ेंगे Body language tips in hindi

  1.   बॉडी लैंग्वेज क्या है | 
  2.  हमें बॉडी लैंग्वेज पढ़ना क्यों आना  चाहिए | 
  3. 7 powerful body language tips | 



Body language क्या है? 


बॉडी लैंग्वेज का हिंदी अर्थ होता है शारीरिक भाषा , बॉडी लैंग्वेज एक  non verbal communication है , जिसमें आपके शरीर की मुद्रा , चेहरे के हाव भाव व  संकेत प्रकट होते हैं और यह सब मनुष्य के अंदर अनजाने में अपने आप होता है |

Harvard University के शोध के अनुसार जब आप किसी व्यक्ति से बातचीत करते हैं तो एक   शानदार कम्युनिकेशन के लिए आपके शब्द मात्र 7 %   और आपकी आवाज वॉइस टोन 38 % और आपकी शारीरिक भाषा Body language 55 % भूमिका अदा करती है ,  इसलिए महत्वपूर्ण है कि आप क्या बोल रहे हैं और उससे भी ज्यादा महत्वपूर्ण है कि आपको उसको किस तरह से बोल रहे हैं और अंत में सबसे ज्यादा महत्वपूर्ण है आपकी बॉडी लैंग्वेज कैसी है ? 

  Body language  के बारे में क्यों सीखना जरूरी है? 


बॉडी लैंग्वेज के बारे में देखकर आप अंदाजा लगा सकते हैं कि सामने वाले व्यक्ति खुशी है या दुखी है सच बोल रहा है या झूठ बोल रहा है क्या कोई बात आप से छुपा रहा है body language को समझने के बाद आप जब लोगों से मिलोगे तो उन्हें अच्छी तरह से समझ पाओगे  आप जान पाओगे कि  उन्हें क्या चाहिए , आपसे आप लोगों को ज्यादा प्रभावित कर सके आप लोगों से अपनी बातें मनवा सकेंगे | 




7 powerful tips to improve your body language




1 - Anti gravity movement 


 ग्रेविटी दो प्रकार के होती है , एक पृथ्वी की ग्रेविटी जो प्रत्येक वस्तु पर लागू होती है , इसी तरह पृथ्वी की ग्रेविटी मानव शरीर पर भी लागू होती है जो हमें नीचे की ओर खींचती है और दूसरी जो हमारे खुद के अंदर होती है शरीर की ग्रेविटी के कारण हमारे हाथ पैर अंदर की ओर रहते हैं , anti gravity movement का मतलब है अपने आप को बाहर की और रखना , जबकि ग्रेविटी हमारे शरीर को नीचे की ओर खींचती है , एंटी ग्रेविटी मूवमेंट ऊपर की ओर रहने का प्रयास करते हैं अब किसी वस्तु को नीचे से ऊपर की ओर ले जाने के लिए एनर्जी की जरूरत होती है अगर आप झुक कर के नीचे  चलते है बैठते हैं तो आप कहीं ना कहीं दिखाते हैं ,  आपकी एनर्जी low है  इसी तरह ऊपर की ओर या तनकर  बैठते है चलते हैं   तो आपकी शरीर की energy high   दिखती है , यहां पर आप antigravity movement  अपनाकर सामने वाले व्यक्ति को दिखा सकते हैं कि आपके अंदर कितनी हाई एनर्जी है आपने अक्सर देखा होगा जब भी कोई खिलाड़ी  है तो वह अपने दोनों हाथ हवा में उछाल का जश्न मनाता है ,इस प्रकार में  मस्तिष्क को संकेत जाता है  की आप प्रसन्न है आपके अंदर high-energy है इसीलिए एंटी ग्रेविटी मूवमेंट करें | 






2-  अपने आप को शो अप करें 



आपने अक्सर देखा होगा जब कोई मोटिवेशन स्पीकर या कोई लीडर जब स्पीच देता है तो वह अपने हाथों का प्रयोग करता है तथा अपनी हथेलियों का प्रयोग करते हुए अपनी बातें रखता है ,जिसके द्वारा ऑडियंस में ट्रस्ट बिल्ड होता है और सामने वाले व्यक्ति आप पर ट्रस्ट करने लगता है , ऐसा करने से व्यक्ति कॉन्फिडेंस प्रतीत होता है ,  इसीलिए अपने आपको ओपन रखें | 





3-  आप कैसे चलते हैं ? 

चलते समय हमेशा इमेजिन करिए कि आप एक चैंपियन है ,आपको किसी चीज का कोई डर नहीं है, आप किसी जल्दी में नहीं है  ,हां अगर आपकी ट्रेन छूट रही हो तो बात अलग है  वरना  comfortable  और relax   होकर आराम आराम से धीरे धीरे चलें    | 



4-  आपके posture  कैसे है ?


Posture का मतलब है आप किस तरह से खड़े होते हैं और किस तरह से बैठते हैं, आप किस तरह से चलते हैं ,आपने एंटी ग्रेविटी मूवमेंट देखा उसी प्रकार आपको कभी भी सिकुड़ कर या झुककर नहीं बैठना है और ना ही  झुककर चलना है जब आप खड़े हो तो आपके पैर सोल्डर लेवल  पर हो और जब भी बैठ तो  जगह लेते हुए आराम से बैठे खुद को कम जगह में एडजस्ट ना करें | 


5 -  बात करते समय हाथों का प्रयोग करें


 बात करते समय अपने हाथों का इस्तेमाल करें और अपनी बातों के साथ-साथ हैंड मूवमेंट भी दिखाएं ,इससे यह प्रतीत  होता है आप एक खुले विचारो के व्यक्ति हैं , आप ज्यादा कॉंफिडेंट हैं |  



6  -   सहमति में अपना सिर हिलायें


 अक्सर हम सभी गलतियां करते हैं कोई व्यक्ति हमसे कोई बात बता रहा होता है तो हम उसके हां में हां मिला देते परंतु हमारा सिर दाएं से बाएं की ओर  हिल रहा होता है जो कि असहमति का प्रतीक है अगर सामने वाला व्यक्ति आपकी bodylanguage के  प्रति सचेत है  तो समझ जायेगा आप उसकी  बातों  इंस्ट्रेस्टेड नहीं हैं,  ऐसा करने से बचें से सामने वाले व्यक्ति के सामने आपका बुरा इंप्रेशन जाता है | 



7 -  फेसिअल एक्सप्रेशन का ख़्याल रखें


बातें करते समय अपने फेशियल एक्सप्रेशन का प्रयोग करें, अपनी आंखों को उपयोग करें अपनी स्माइल के साथ सामने वाले व्यक्ति का दिल जीत लें| 






 आपने इस पोस्ट में पढ़ा body language kya hai , body language  क्यों सीखना जरूरी है body language tips जो आपकी पर्सनालिटी में चार चांद लगा देगा अगर आपको हमारी पोस्ट पसंद आई है तो कमेंट और शेयर करके अपना  feedback दें


 

How to win group discussion ग्रुप डिस्कशन कैसे करें

Group discussion tips in Hindi

जब भी जॉब की बात आती है तब group discussion और interview महत्वपूर्ण मुद्दा बन जाता है आज के दौर में लगभग सभी जॉब के लिए ग्रुप डिस्कशन अनिवार्य रहता है अगर आपको अपनी जॉब सुनिश्चित करनी है तो आपको ग्रुप डिस्कशन और इंटरव्यू पर महारत हासिल करनी पड़ेगी

 इस आर्टिकल में  हम जानेंगे कि ग्रुप डिस्कशन क्या होता है ग्रुप डिस्कशन क्यों किया जाता है और ग्रुप डिस्कशन की तैयारी कैसे करें ग्रुप डिस्कशन टिप्स इन हिंदी







Group discussion क्या है ? 


 ग्रुप डिस्कशन एक ऐसी प्रक्रिया है जिसमें candidate का समूह होता है ग्रुप डिस्कशन के दौरान समूह को एक टॉपिक दिया जाता है सभी कैंडिडेट  अपनी राय प्रस्तुत करते हैं सभी मिलकर उस विषय पर चर्चा करते हैं और अंत में उस चर्चा का कॉन्क्लूज़न निकालते हैं . 



Group discussion  क्यों किया जाता है ? 


ग्रुप डिस्कशन करने के तीन प्रमुख कारण होते हैं -

  1.  समय की कमी -  कई बार होता क्या है जॉब बहुत कम होती हैं और सिलेक्टेड कैंडिडेट बहुत ज्यादा होते है तो इस स्थिति में सभी का पर्सनल इंटरव्यू लेना मुश्किल होता है इसलिए इस स्थिति में ग्रुप के अनुसार बांट दिया जाता है . 
  2. Leadership skill - आज के समय में कोई भी जॉब के लिए लीडरशिप स्किल एक महत्वपूर्ण आवश्यकता है ग्रुप डिस्कशन के दौरान देखा जाता है कि आप किस तरह से लीड करते हैं और सभी को चर्चा में शामिल करते हैं.
3 - Attitude -  तीसरा सबसे महत्वपूर्ण पहलू है आपका एटीट्यूड आपका नजरिया कैसा है क्या आप सकारात्मक है या आप नकारात्मक है आपका आपके काम के प्रति रवैया कैसा है. 




ग्रुप डिस्कशन की तैयारी कैसे करें ? 

 ग्रुप डिस्कशन के दौरान सबसे महत्वपूर्ण बिंदु यह होता है यह आपको डिस्कशन किस विषय पर करना है . 


 Topic क्या होगा ? 


 टॉपिक के संदर्भ में दो स्थितियां हो सकती हैं  पहली आपको ऐसा कोई टॉपिक मिल जाए जो सामान्य हो  या  ऐसा हो   टॉपिक हो उसके बारे में आप को ज्ञान ही ना हो तो यहां पर आप क्या करेंगे

  •   अक्सर सामान्यता कुछ ऐसे टॉपिक होते हैं जो अक्सर पूछे जाते हैं जैसे दहेज प्रथा , लव मैरिज या अरेंज मैरिज,  आतंकवाद, जनसंख्या विस्फोट  आप थोड़ी सी भी सर्च करिए और ऐसे टॉपिक ढूंढिए जो समानता पूछे जाते हैं और उनकी प्रिपरेशन कर लीजिए     
  •  अब अगर ऐसा कोई रेंडम टॉपिक मिल जाए जिसके बारे में आप को ज्ञान ही ना हो तू यहां पर आप सभी को ध्यान पूर्वक सुनिए और उनके तर्कों को समझ कर सटीक समय पर टॉपिक से संबंधित प्रश्न पूछिए और अंत में पूरी चर्चा का conclusion अवश्य दें ऐसा करने से आपका इंप्रेशन बहुत अच्छा जाएगा


 वो कहते हैं ना practice makes man perfect  आप अपने दोस्तों के साथ  ग्रुप बनाकर किसी टॉपिक  पर डिस्कशन करिये अगर आप जानना चाहते हैं कि किस तरह से एक बेहतर इंटरव्यू दें How to win interview   जरूर पढ़ें आपने इस पोस्ट में  आपने सीखा की ग्रुप डिस्कशन क्या है ग्रुप डिस्कशन क्यों किया जाता है और ग्रुप डिस्कशन की तैयारी कैसे करें अगर आपको हमारी पोस्ट पसंद आई हो तो कमेंट और शेयर करके  feedback दें

What is Time management समय प्रबंधन कैसे करें

Time management in Hindi

हम सब के पास 24 घंटे होते हैं ना किसी के पास ज्यादा और ना किसी के पास कम सब लोग कहते हैं समय की कमी के कारण मैं अपना काम नहीं कर पाया जबकि सभी के पास  24 घंटे हैं चाहे अरबपति हो या वह भिखारी हो यह एक ऐसी चीज है जो हम सबको बराबर मिली हुई चाहे व्यक्ति राजा हो या रंक महत्वपूर्ण यह है इन 24 घंटे का उपयोग किस तरह से करते हैं आप इन 24 घंटों को waste  करते हैं या invest   आपके आज के 24 घंटे आपका आने वाला कल तय करते हैं Time management skill खजाना है जिसका उपयोग करके अपना भविष्य बना सकते हैं 

Time management  क्या है ? 


Time management का हिंदी अर्थ होता है समय प्रबंधन time management की हिंदी परिभाषा समय का प्रबंध करना
 time management  वह skill  है जिसके द्वारा आप तय करते हैं कि इन 24 घंटा का उपयोग किस तरह से किया जाए जिससे हमें ज्यादा से ज्यादा रिजल्ट मिल सके इन 24 घंटों का ज्यादा से ज्यादा सार्थक उपयोग किया जा सके 





Time management  क्यों आवश्यक है ? 


 हम सभी जानते हैं कि समय किसी के लिए रुकता नहीं है निरंतर गतिमान रहता है अगर आप कुछ कार्य करते हैं जो भी यह समय बीत जाएगा और अगर आप कुछ नहीं भी करते हैं तो भी गुजर जाएगा इसलिए हम सभी के लिए महत्वपूर्ण है की इस समय का सदुपयोग करके अपना आज और आने वाला कल दोनों बेहतर बनाएं टाइम मैनेजमेंट  स्किल सीखें




Time management  कैसे करें ? 


 दरअसल समय प्रबंधन कहीं ना कहीं स्वयं का प्रबंधन है आपको तय करना है आप समय का किस तरह से सदुपयोग करना चाहते हैं किसी ने क्या खूब कहा 

काल करे सो आज करआज करे सो अब । पल में प्रलय होएगी,बहुरि करेगा कब ॥
 
अर्थ : कबीर दास जी समय के बारे में बताते हुए कहते हैं कि जो कल करना है उसे आज करो और  जो आज करना है उसे अभी करो , कुछ ही समय में जीवन ख़त्म हो जायेगा फिर तुम क्या कर पाओगे 
हमारे पास किसी काम को करने की जितना ज्यादा समय होता है हम उस काम को इतना ही ज्यादा टालते हैं और लगातार उसे टालते ही रहते हैं  इसलिए जो भी महत्वपूर्ण कार्य है हमको आप टू डू लिस्ट बनाकर लिख लीजिए और उस कार्य की समय सीमा तय कर लीजिए अपनी टू डू लिस्ट इस तरह से तैयार करिए जिसमें महत्वपूर्ण कार्यों की सूची और साथ-साथ तारीख और काम को कंप्लीट करने का समय भी लिखा जा सके 




80/20 नियम क्या है? 


80/20 नियम टाइम मैनेजमेंट का एक महत्वपूर्ण नियम है इससे पैरेटो सिद्धांत   भी कहा जाता है सरल भाषा में इसे समझे तो यह नियम बताता है कि आप जो भी काम करते हैं उसका 80 परसेंट रिजल्ट 20 परसेंट किए गए कार्यों द्वारा प्राप्त होता है यह नियम जीवन में लगभग   सभी क्षेत्र पर लागू होता है जैसे 20 पर्सेंट लोगों के पास 80 परसेंट दौलत होती है किसी कंपनी का 80 परसेंट प्रोडक्ट 20 परसेंट ग्राहक खरीदते हैं आप खुद से देखिए अपने 10 महत्वपूर्ण कामों को एक कागज पर लिखिए जिनको आप दिन भर में करते हैं अब इनमें से दो या तीन ऐसी  कार्य होंगे  जिनसे सबसे ज्यादा रिजल्ट प्राप्त होता है यही है पैरेटो का नियम  अब आपको अपने इन दो या तीन कामों पर फोकस करना है जिससे आपको सबसे ज्यादा रिजल्ट मिलने वाला है






 Social media एक बड़ा कारण


 आज के समय में ऐसी बहुत सी डिस्ट्रेक्शन ध्यान भटकाने वाली है जिनके कारण आप अपने आपको मैनेज नहीं कर पाते हैं जिनमें से सोशल मीडिया प्रमुख है  आप देखिए कहीं आपका ज्यादातर समय सोशल मीडिया पर स्क्रॉल करने में तो नहीं जाता है कहीं आप घंटों टीवी पर बैठकर सास बहू और न्यूज़ चैनल तो नहीं बदलते रहते हैं आज के समय में इंटरनेट एक ऐसा साधन है जिसको उपयोग करके आप अपना समय वेस्ट भी कर सकते हैं या कुछ नई चीजें सीखो उसको इन्वेस्ट भी कर सकते हैं  फायदा इसी में है घंटों सोशल मीडिया का उपयोग करने से बचें 






Time management संबंधित प्रभावकारी नियम पढ़ने के लिए क्लिक करें 3 principal of time management




Time management skill   ऐसी कला है जो सभी को आनी अति आवश्यक है क्योंकि  आप जो आज  करते हैं वह आपका भविष्य तय करता है   इसीलिए अपने समय को  बर्बाद मत करिए आपने इस पोस्ट में जाना Time management क्या है  time management  कैसे करें  अगर आपको हमारी पोस्ट पसंद आई हो तो  comment और share करके अपना फीडबैक दे

How to win Interview in Hindi इंटरव्यू कैसे दें

सबसे पहले सरल भाषा में समझिये इंटरव्यू क्या है ? ऐसा क्यों होता है कि दो युवक जिनकी क्वालिफिकेशन एक जैसी है पर एक युवक का इंटरव्यू में चयन किया जाता है और दूसरे को नहीं, 



  • जब एक या एक से अधिक व्यक्ति बातचीत के जरिए किसी प्रतियोगी का नॉलेज , लीडरशिप स्किल , वर्क एथिक्स , और भी कई चीजें जानने का प्रयास करते हैं और वह तय करते हैं कि आप उनके मानकों पर खरा उतरते हैं या नहीं ,  इंटरव्यू कहलाता है ,    




  • एक जैसी क्वालिफिकेशन वाले दो व्यक्ति में एक का सेलेक्शन हो जाना और दूसरे का नहीं ? इसका मुख्य कारण है प्रेजेंटेशन स्किल इंटरव्यू के दौरान आप अपने आप को किस तरह से रिप्रेजेंट करते हैं अगर आप interviewers को इनफ्लुएंस कर पाए तो जॉब आपकी ,   

   
   आप इस पोस्ट में सीखेंगे कि किस तरह से इंटरव्यू के दौरान अपनेेेे  आपको किस तरह से   प्रजेंट करें .... 

आप इस पोस्ट में सीखेंगे यह किस तरह से इंटरव्यू के दौरान अपने आप को रिप्रेजेंट करें How to win interview?  







Body language and Facial expressions


आपका बॉडी लैंग्वेज बहुत कुछ बयां करता है जब आप खुश  या नर्वस होते हैं जो चेहरे पर साफ दिखता है अगर आप नर्वस होंगे तो आपकी बॉडी लैंग्वेज में दिखेगा आपको कॉन्फिडेंस और स्माइल के साथ रूम में इंटर करना है लेकिन आपकी स्माइल फेक नहीं लगनी चाहिए इसलिए अपनी बॉडी लैंग्वेज और फैसियल एक्सप्रेशन पर फोकस करें , 



 

Exact word to use


 जब आप रूम में इंटर हो तब आप थोड़ा सा  दरवाजे को knock   करके may I come in, sir? पूछें और अंदर जाकर कुर्सी पर बैठने से पहले आप may I sit, sir?  कहकर ही कुर्सी पर बैठे हैं इसके बाद आप अपनी सीवी देते समय here is my c.v  बोले यह बेसिक सी बातें हैं पर कुछ लोग इनका भी ख्याल नहीं रखते हैं अगर वह आपसे इंटरव्यू के दौरान पूछते हैं कि हम आपको job क्यों दे तो आप यहां पर  यह बोलना है कि आप एक हार्ड वर्किंग एंड रिस्पांसिबल पर्सन है जिसे सुनकर एक अच्छा सा इंप्रेशन जाएगा ....... , 






Prepared for the Questions 


कुछ ऐसे प्रश्न होते हैं जो लगभग सभी इंटरव्यू में पूछे जाते हैं जैसे
Introduce yourself, 

Question -Tell me something about yourself   अपने बारे में बताइए ? 

Question -  आपमें क्या खूबी है ? 

Question -  आप की कमजोरियां क्या है ? 

Question -  आप यह जॉब क्यों करना चाहते हैं ? 

Question -  आप कितनी सैलरी चाहते हैं ? 

अब आप तुरंत इसका आंसर देने की कोशिश करिए ? आपको सोचना पड़ रहा है अगर आप पहले से तैयार हैं तो आपको सोचकर आंसर नहीं करना पड़ेगा आप कॉन्फिडेंस के साथ आंसर करेंगे अगर आप Tell me something about yourself पर एक अच्छा सा आंसर सीखना चाहते हैं तो लिंक पर क्लिक करके आप हमारी पोस्ट पढ़ सकते हैं 







C. V  Or  Resume 


C. V or Resume मे फर्क होता है जो अक्सर लोगों पता नहीं होता है आपका   resume में वन पेज होता है जिसमें आपकी क्वालिफिकेशन संबंधित जानकारियां होते हैं c. v थोड़ा डिटेल्स के साथ दो या तीन पेज का होता है जिसमें आपकी क्वालिफिकेशन के साथ-साथ अचीवमेंट्स भी लिखी होती है अब यहां पर अधिकतर कैंडिडेट गलती करते हैं कि c. v को ब्लैक एंड वाइट प्रिंट करा कर एक ₹10 के फाइल एंड फोल्डर लेकर इंटरव्यू देने चले जाते जिससे इंटरव्यूवर के सामने आपका इंप्रेशन बुरा जाता है अगर आप 15000 या 20000 की जॉब के लिए भी जा रहे हैं तो कम से कम ₹200 की एक लेदर फाइल एंड फोल्डर खरीद कर उसमें कलर c. v रखकर इंटरव्यू में जाएं , आप c. v के जरिए खुद को रिप्रेजेंट कर रहे हो ..... 




Prepared for previous work


 अगर आप पहले भी जॉब कर चुके हैं आपको वर्क एक्सपीरियंस है तो आप अपना वर्क सैंपल जरूर दिखाये जिससे आपके जॉब मिलने के चांसेस ज्यादा बढ़ जाते हैं .... 



If you are Freshers 


 अगर आप fresher है तो आप को समझना होगा कि आपको जॉब मिलना जरूरी है अगर इंटरव्यू में आपसे पूछा जाता है कि आप कितनी सैलरी चाहते हैं तो आप आंसर में कह सकते हैं कि सर सैलरी मेरे लिए इतना मैटर नहीं करती मुझे काम करना है , 


अगर आपको एक बार जॉब मिल जाती है तो सैलरी तो आपके काम पर डिपेंडेंट है वह तो मिलने ही लगेगी.. 










अगर आप इन सभी पॉइंट की तैयारी करते हैं तो आप How to win interview के लिए तैयार है आप Tell me something about yourself  को सीखकर जॉब मिलने के चांसेस को बढ़ा सकते हैं अगर आपको पोस्ट पसंद आई हो तो कमेंट व शेयर करके अपना फीडबैक दे सकते हैं . 



कम्युनिकेशन स्किल के मास्टर बनें , 5 tips to improve your communication skill

आप सभी जानते हैं कि आवाज और शब्दों में ताकत होती है, किसी की आवाज सुनकर आप मोटिवेट हो जाते हैं और किसी व्यक्ति की आवाज सुनकर आप इमोशनल हो जाते हैं और किसी व्यक्ति के बातें सुनकर आप गुस्सा हो जाते हैं , और किसी व्यक्ति की बातें घंटों तक बैठकर सुनते रहते हैं ऐसा क्यों होता है ? ऐसा होता है उस व्यक्ति के कम्युनिकेशन स्किल एंड पर्सनालिटी डेवलपमेंट के कारण वह व्यक्ति जानता है , कि किस शब्द का प्रयोग कब , कैसे और कहां करना है ,communication skill एक कला है जो सभी इंसान के लिए  इम्पोर्टेन्ट  है , आप स्टूडेंट  हों या  डॉक्टर या आप बिजनेसमैन हो  बातचीत करना हमारी  मूलभूत जरुरत हैै , हम कम्युनिकेशनस्किल  को सीखकर अपने ideas और thaughts को बेहतर ढंग से express कर  पाएंगे और लोगों को influence कर सकेंेगें     ।

  • Words  have Power 

 किसी को प्रभावित करने के लिए है पता होना चाहिए कि कम्युनिकेशन स्किल क्या है  और किस  तरह   से  इसका उपयोग करना है इस पोस्ट में हम जानेंगे  कि 
  1. What is communication skill, 
  2.   types of communication 
  3.  हमें अपनी communication skill   क्यों  इंप्रूव करना चाहिए
  4.  कुछ शानदार communication skill tips ...



What is communication 

कम्युनिकेशन का हिंदी अर्थ होता है संचार , 

जब दो या दो से अधिक व्यक्ति आपस में बातचीत संकेत या प्रतीकों के जरिए अपनी विचार जानकारी भावनाओं का आदान-प्रदान करना संचार कहलाता है, 

 
सरल भाषा में बोले तो अपने विचारों का , अपनी भावनाओं का इस प्रकार आदान प्रदान करना कि सामने वाला व्यक्ति अच्छी तरह से समझ जाए कि आप क्या कहना चाहते है , कम्युनिकेशन कहलाता है , ऐसा करने के लिए कम से कम दो व्यक्तियों की आवश्यकता होती है एक व्यक्ति सेंडर के रूप में होता है और दूसरा व्यक्ति रिसीवर के रूप में होता है , 




 types of communication

1 - Verbal 

2 - Non Verbal

 

Verbal Communication

वर्बल में आप शब्दों के द्वारा बोलकर किसी व्यक्ति से विचारों का आदान प्रदान करते हैं, किसी व्यक्ति को आकर्षित करने के लिए यह महत्वपूर्ण होता है कि आप क्या बोलते हैं, कैसे बोलते हैं ,और कब बोलते हैं , जब भी आप बातचीत की शुरुआत करते हैं तो आप अपना परिचय  देते हैं , जििससे आपका फर्स्ट इंप्रेशन तय होता है , अगर आप सीखना चाहतेे हैं किस तरह सेे अपनााा परिचय बेहतरीन ढंग से दे तो आप हमारी पोस्ट पढ़ सकते हैं ...  जिससे आप अपना परिचय देते समय सामने वाले व्यक्ति को इंप्रेस कर सकें.... 




Non Verbal Communication

नॉनवर्बल का सीधा सा अर्थ होता है कि आप बिना कुछ बोले हुए अपने विचारों को अपनी भावनाओं को सामने वाले व्यक्ति के पास किसी संकेत के माध्यम से पहुंचाएं  , नॉनवर्बल में आपके शरीर द्वारा सामने वाले व्यक्ति को संकेत दिए जाते हैं जिसे Body language  भी कहा जाता है अगर सामने वााला व्यक्ति आपके body language के प्रति   सजग है ,तो वह आपके हाव भाव देखकर जान सकता है कि आप केेे मन मेंं क्या चल रहा है body language, communication का महत्वपूर्ण हिस्सा है ।  

Why master communication skill 

हम सभी चाहते हैं , लोग हमारे दोस्त बने , हमारी प्रशंसा करें ,
 हम सभी को पसंद आए लोग हमारी बातें सुनें और  हमारी इज्जत करें , आप जब बात करें तो लोग हमें ध्यान से सुनें , आप अपने विचारों को लोगों को भी जिस तरह से रखें कि वह आपसे इंप्रेस हो जाए  , , ,अगर आप भी भी ऐसा चाहते हैं तो अपनी कम्युनिकेशन स्किल पर काम करिए  , अपने आप को बेहतर बनाईये |




5  Tips to improve communication skill



1 -  लोगों का नाम याद रखें 


 अक्सर हम सभी कहते हैं हमें अपना नाम रोशन करना है , इंसान को अपना नाम बहुत प्यारा होता है , जब कोई व्यक्ति आपका नाम पुकारता है तो आपका पूरा ध्यान उस व्यक्ति की तरफ चला जाता है , आज के समय में तो लोग अपना नाम सुनने के लिए पैसे तक देते हैं , आपने देखा होगा youtube पर अक्सर लोग लाइवस्ट्रीम के दौरान पैसे भेजते हैं अपना नाम शॉट आउट करने के लिए , आप खुद सोचिए जब आपको कोई नाम लेकर बुलाता है तो आप तुरंत रिस्पांस देते हैं ,  इसलिए जब भी किसी व्यक्ति से मिले उसका नाम लेकर उसे पुकारे यहां पर आप उनका सर नेम  लेकर भी पुकार सकते हैं जैसे शर्मा जी कैसे हैं आप ? लेकिन एक बात का बेहद ध्यान रखना चाहिए कि नाम का गलत उच्चारण ना करें , यह सामने वाले व्यक्ति को नाराज भी कर सकता है । 



2 - मुस्कुराकर मिलें


जब भी किसी व्यक्ति से मिले मुस्कुराकर मिले , यह एक संकेत होता है कि आप सामने वाले व्यक्ति में इंटरेस्टेड हो जो व्यक्ति मुस्कुराकर मिलता है वह व्यक्ति सभी को पसंद आता है , आप एक काम करिए आप अपनी आंखें बंद करिए और किसी व्यक्ति का चेहरा याद करिए जिसे आप बेहद पसंद करतें हो , निश्चित ही जो तस्वीर आई होगी वह मुस्कुराते हुए किसी व्यक्ति की होगी , इसलिए जब भी मिले तो मुस्कुराकर मिले तो लोगों से मुस्कुराते हुए मिलें।



3 -   टॉपिक पर बात करें 


ऐसी किसी टॉपिक में बात करें जिस पर सामने वाले व्यक्ति को बातें करना पसंद हो , आप के सबसे प्रिय मित्र वह होंगे जो आपकी तरह ही सोचते हैं और ऐसे टॉपिक पर बातें करते हैं जो आपको पसंद होती हैं , इसलिए किसी व्यक्ति के साथ बातें करते समय यह देखिए कि वह किस तरह की बातों में इंटरेस्टेड है फिर उसी टॉपिक पर बातें करिए निश्चय ही वह व्यक्ति आपको पसंद किए बिना नहीं रह पाएगा , आप किसी लड़की से बाते करते वक्त उस Gym के बारे में बताएं कि बॉडी कैसे बनाते हैं अगर वह फिटनेस के बारे में इंटरेस्टेड नहीं है तो आप उसे बोर कर रहें हैं इसी प्रकार हम वह लड़की आपसे मेकअप के बारे में बात करे तो हो सकता है आप उसमें इंट्रेस्ट ना लें , इसीलिए किसी ऐसे टॉपिक पर बात करें जो आप दोनों को पसंद हो ।



4 -  ध्यान पूर्वक सुने


जब भी किसी से बातें करें तो बीच में बोलने से बचे , सामने वाले व्यक्ति की बातें ध्यान पूर्वक सुने और जब व्यक्ति अपनी बात कह दे तब आप अपनी बात कहें , हमें अक्सर बीच में बोलने की जल्दी रहती है और हम पूरी बात सुने बिना ही बीच में बोल देते हैं जिससे सामने वाले व्यक्ति डिस्टर्ब हो जाता है इसलिए बीच में बोलने से बचें और बातों को ध्यान पूर्वक सुने ।



5 -  किसी की आलोचना ना करें


जब कभी भी किसी व्यक्ति की सीधी गलती बता कर उस व्यक्ति से दुश्मनी लेने के खतरा मोल ना लें ,  होता क्या है जब आप किसी व्यक्ति की गलतियां या कमियां बताते हैं या उसकी आलोचना करते हैं वह आपसे मन ही मन चिढ़ने लगता है क्यों ? क्योंकि हर व्यक्ति सोचता है कि वह जो भी कर रहा है सही कर रहा है , उसे हर चीज का ज्ञान है प्रत्येक व्यक्ति में कुछ ना कुछ खामियां और कुछ न कुछ खूबियां होती हैं , कोई भी परफेक्ट नहीं है जब भी किसी की गलतियां बतानी है आलोचना करनी हो सबसे पहले उसके उन कामों को बताओ जिसमें वह अच्छा हो और उसके कामों की प्रशंसा करो और फिर बाद में बताइए कि आप को इस गलती पर सुधार करने की आवश्यकता है ।




 इस पोस्ट में आपने पढ़ा कम्युनिकेशन क्या है , कम्युनिकेशन स्किल क्या है और कम्युनिकेशन का हिंदी अर्थ आप किस तरह से कम्युनिकेशन स्किल पर महारत हासिल कर सकते हैंअगर आप सीखना चाहतेे हैं किस तरह सेे अपना परिचय बेहतरीन ढंग से दे ,अपना परिचय देना सीखेंतो आप हमारी पोस्ट    पढ़ सकते हैं ...  जिससे आप अपना परिचय देते समय सामने वाले व्यक्ति को इंप्रेस कर सकें.... 

  अगर आपको यह  पोस्ट पसंद आई है  ,तो कमेंट और शेयर करके अपना फीडबैक जरूर दें अगर आप किसी टॉपिक पर आर्टिकल चाहतें तो कमेंट बॉक्स में लिखें ।

Top 5 Greeting and Meeting tips in Hindi


 अक्सर जब आप किसी इंसान में पहली बार मिलते हैं तो वह इंसान आपको इतना पसंद आ जाता है, और कोई कोई इंसान को देखकर  ही मूड खराब हो जाता है,  ऐसा क्यों होता है ?  ऐसा होता है  Greet and Meet की वजह से , यहां पर  Greeting and Meeting का अर्थ है आप किसी व्यक्ति से किस तरह मिलते हैं और किस तरह से उनका अभिवादन करते हैं ,  हमारी भारतीय संस्कृति में सिखाया है कि अपने से बड़ों का आदर करिए और छोटों को प्यार दीजिए , यहां पर कुछ ऐसे टिप्स जिससे आप खुद को Greeting and Meeting नििपुण बना पायेंगे 








How to Greet and Meet People in Hindi



1 - Hello / Hi / Good morning/Good evening

 आप किसी व्यक्ति से मिलते समय आदर सूचक वाक्य की तरह इनका प्रयोग करें. अगर आप जानना चाहते हैं कि अपने आप को किस तरह से  इंट्रोड्यूस करें Introduce yourself इस लिंक पर क्लिक करके आप हमारा पोस्ट पढ़ सकते हैं . ....



2 - Gestures ( संकेत) 

 जब बात Greet and Meet की आती है तो आपकी Body language  एक महत्वपूर्ण पहलू बन जाती है हार्वर्ड यूनिवर्सिटी शोध में यह सिद्ध हुआ था कि communication skill ,   में body language  55% बहुत बड़ी भूमिका निभाती है तो हमें किसी से भी बात करते समय यह ध्यान रखना होगा कि जब हम किसी सेेेेेेेेे बातचीत कर रहे हो ,  तब हमारी बॉडी के द्वारा ऐसा कोई संकेत ना जाए जिससे सामने वाले व्यक्ति के मस्तिष्क में हमारी  नकारात्मक छवि बन जाए  .....



  • a - Bend a bit - जब भी आप से कोई बड़ा व्यक्ति जिसकी आप रिस्पेक्ट करते हो तो आप  तो आप अपना सर हल्के से झुका कर उसका  अभिवादन कर सकते है अगर कोई आपसे इस तरह से अपना सर झुका कर अभिवादन करता है तो आप भी उसके उत्तर में अपने सर झुकाकर अभिवादन से कर कर सकते हैं ।


  • b - Nod - यहां पर nod का मतलब होता है अपने सर को सहमति या असहमति में हिलाना ,  अक्सर हम सभी क्या गलती करते हैं जब भी कोई व्यक्ति हमसे अपनी बातें बता रहा होते है तो हम उसे हां बोल कर तो सहमति प्रदान कर रहे होते हैं , परंतु अपने सर को दाएं से बाएं की ओर  हिलाकर असहमति का संकेत दे रहे होते हैं तो अब से आप भी जब भी किसी व्यक्ति से बात करें तो इस पॉइंट का ख्याल रखिएगा ..... ।


  • c - Smile -  किसी ने क्या खूब कहा है  की फोटो खिंचवाते हुए हंसते हुए इतने  सुंदर लगते हैं , अगर आप जिंदगी भर ऐसे चेहरे पर मुस्कान रखे तो कितने सुंदर लगेंगे .  आपकी एक मुस्कुराहट किसी के दिन बना सकती हैं इसलिए जब भी किसी व्यक्ति से मिले तो मुस्कुरा कर उससे मिले ।
 

  • d - Eye contact -   सामने वाले व्यक्ति से बातें करते समय जब आप इधर उधर देखते हैं यह  संकेत जाता है आप  उसकी बातों में इंटरेस्टेड नहीं  है ,  बातें करते समय आंखों से आंखें  मिलाकर   बातें करिए लेकिन आपको एक बात ध्यान में रखनी है  आपको उसको   घूरना नहीं है  आप यहां पर 70/30  का फार्मूला अपना सकते हैं आपको 70 परसेंट उसको देखना है और 30 परसेंट इग्नोर कर सकते हैं।

Body language के बारे में ज्यादा जानने के लिए Best body language क्लिक करें ....

3 -   Handshake🤝 / नमस्ते / Touch feet

यहां पर अगर सामने वाला व्यक्ति आपका दोस्त है ,आपकी हम उम्र है तो आप उससे हैंडसेक कर सकते हैं आपका हैंडसेक ना ज्यादा ढीला होना चाहिए ना ज्यादा टाइट होना चाहिए ,
 अगर सामने वाले व्यक्ति कोई बड़ा  बुजुर्ग हो या आपके परिवार रिश्तेदार तो आप पैर भी छू सकते हो ,नमस्ते भी कर सकते हैं ।


4 - Hug ( गले मिलना ) 

आप गले तभी मिले जब  सामने वाला व्यक्ति आपसे  ज्यादा क्लोज हो गले मिलते समय यह सुनिश्चित कर लें कि आपके शरीर से दुर्गंध और पसीना ना आ रहा हो ।
 

5 - Appreciation ( प्रशंसा ) 

 हम सभी को  अपनी प्रशंसा सुनना पसंद होता है आप किसी भी व्यक्ति को उसकी प्रशंसा करके खुश कर सकते हैं परंतु यह सच्ची होनी चाहिए जब भी   किसी की प्रशंसा करें  अब याद रखें उसे कभी यह मत कहना आप बहुत अच्छे लग रहे हैं आप उसे उसकी स्पेसिफिक चीज के लिए बताइए जी आपका क्या अच्छा लग रहा है जैसे आज आपके हेयर स्टाइल बहुत अच्छी लग रही है ,  आपकी वॉच कमाल है ..





 इन सभी पॉइंट्स को फॉलो करके आप अपनी पर्सनालिटी में चार चांद लगा सकते हैं जिससे लोग आपको पसंद किए बिना रह नहीं सकते... अगर आपको पोस्ट पसंद आई हो तो कमेंट और शेयर करके फीडबैक दें ।

अपना इंट्रोडक्शन कैसे दें? How to introduce Yourself ?

प्रतिदिन हम कई ऐसे लोगों से मिलते है जिन से हम पहली बार मिल रहे होतें है, इस स्थिति में हम उस व्यक्ति से बातचीत की शुरूवात अपना self introduction देकर करते हैं , इसके बाद हमारी बातचीत आगे जाती है , और इसी प्रकार हम नए दोस्त बनाते है ,अपना परिचय देना एक ऐसा विषय है जिसका उपयोग पूरी जिंदगी में होने वाला है ,कभी आपको इंटरव्यू में, और कभी ट्रेन यात्रा के दौरान तो कभी पब्लिक प्लेस में तो कभी एयरपोर्ट में , आपको अपना परिचय देना पड़ सकता है , यह एक ऐसा विषय है जिसकी जरूरत कहीं भी और कभी भी पड़ सकती है , क्या आप चाहते हैं कि लोग आपको पहली मुलाकात में ही पसंद करने लगें ,लोग आपसे इंप्रेस हो जाए ? अगर जवाब हां है तो आप बिल्कुल सही जगह पर है ,  इंट्रोडक्शन का मतलब केवल नाम और अपना एड्रेस बताना नहीं है आप अपने बारे में बहुत कुछ बता सकतें हैं और लोगों को अपनी personality से attract कर सकते हैं और शानदार introduction देकर इंप्रेस भी |



{How to introduce yourself in a bettar way}







 What is introduction ? 


Introduction का हिंदी अर्थ है अपना परिचय देनाआप परिचय देने के दौरान आप अपने बारे में जानकारी देते हैं जैसे कि आपका नाम ,आपका जन्म स्थान ,आपका पेशा ,और भी बहुत सी चीजें ; अब यह महत्वपूर्ण है कि आप अपना  इंट्रोडक्शन कैसे देते हैं , वो कहते हैं ना  first impression is last impression  जब आप किसी व्यक्ति से मिलते हैं  तो यह महत्वपूर्ण होता है कि आप उस व्यक्ति  से किस तरह से मिल रहे हैं , किसी से मिलने पर Greet and meet  बहुत महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं  , तो चलिए बात करते हैं..... जिस प्रकार से आप अपना इंट्रोडक्शन देते हैं वह यह तय करता है कि आपका इंप्रेशन कैसा बनेगा सामने वाले व्यक्ति के साथ , personality development में communication skill  की एक बहुत बड़ी भूमिका है, आखिर महत्वपूर्ण होता है कि आप अनजान व्यक्ति के सामने किस तरह से बात करते हैं और किस तरह से खुद को प्रस्तुत करते हैं , यह तय करेेगा आपका इम्प्रैशन कैसा जाएगा ।



Types of introduction 

 
 अब अपने आप को  introduce करने के दो तरीके हैं  ...... 

1 - casual ( अनौपचारिक ) 

2- Formal ( औपचारिक  ) 


   

casual  Introduction -  यह एक अनौपचारिक इंट्रोडक्शन है,  इसमें आप 30 सेकंड के अंदर खुद को इंट्रोड्यूस कर सकते हैं यह इंट्रोडक्शन का शार्ट तरीका होता है, इसका प्रयोग आप अपने मित्रों के साथ या ऐसे व्यक्तियों के साथ कर सकते हैं जिनसे आपका व्यवहार दोस्ताना के रूप में हो या फिर इस तरीके का प्रयोग आप समय की कमी रहते हुए कर सकते हैं  ।


 शुरुआत करें

आप अपने परिचय की शुरुआत ओपनर सेंटेंस जैसे Hello / Hi /Good morning  जैसे शब्दों से शुरुआत करें यहां पर एक महत्वपूर्ण पहलू है कि अगर सामने वाले व्यक्ति आपसे हेलो बोलता है तो आपको इसका उत्तर हाय hi में दे है और इसी प्रकार अगर वह व्यक्ति आपसे हाय कहकर आपका अभिवादन करता है तो आपको हेलो कह कर उसका अभिवादन कर सकतें है ,इसके बाद आप अपनी बातचीत की शुरुआत कर सकते हैं ।


  आपका नाम


आपने हाय हेलो बोल कर परिचय की शुरुआत  कर दी , अब आप  अपना नाम बताइए , नाम बताने के भी कई तरीके है जैसे -
  • My name  is....mohan vadra
  • I am ....mohan vadra
  • This is.......mohan vadra

 लेकिन हमें अपना नाम बताते समय  I am.............      का प्रयोग करना है यह तरीका ज्यादा शक्तिशाली  छाप छोड़ता है यह ज्यादा पावर फुल प्रतीत होता है इससे झलकता है कि आप कुछ है , अक्सर यहां पर बहुत से लोग गलती करते हैं अपना पूरा नाम नहीं बताते हैं ,अपना आधा नाम बताकर ही आगे बढ़ जाते हैं , आपको यह गलती नहीं करनी आपको पूरा नाम बताना है |


 आपका पेशा


हेलो हो गया , आपने अपना नाम भी बता दिया ,अब बात आती है आप करते क्या हो ?  तो आप अपना प्रोफेशन बताएंगे जो भी आप करतें है जैसे - i am a student  , I am a businessman   यहां पर लोग गलती क्या करते हैं इतना  इतना कहकर वह चुप हो जातें हैं  , आपको पेशा बताते समय ध्यान रखना है कि अपने पेशा को कभी भी एक शब्द में ना बताएं , आपको क्या करना है आपको अपने प्रोफेशन से संबंधित और भी जानकारी देनी हैं जैसे i am a law student, I am a business man, I have two business ,first abc sec xyz .... इससे सामने वाला व्यक्ति बेहतर ढंग से जान पाएगा आप वास्तव में क्या करतें है ।


  •   Hello /Hi /good morning
  •   I am mohan vadra
  •   I am an English teacher

 इस तरह से आप अपना परिचय देकर आगे की बातें शुरू कर सकतें है ।






 Formal Introduction  -


  formal introduction परिचय का एक विस्तृत रूप होता है यहां पर आप अपना परिचय विस्तृत रूप में प्रस्तुत करते हैं यह इंट्रोडक्शन का लॉन्ग तरीका होता है इसका प्रयोग आप formal vacation , formal introduction या जॉब के दौरान पूछे जाने वाला सबसे महत्वपूर्ण question
  •  अपने बारे में कुछ बताइए 
  • tell me something about yourself
  • अपना introduction दीजिए
 या फिर किसी ऐसे व्यक्ति के सामने जो आपसे उम्र और औधे में आप से बड़े हो , आप उनके सामने जबरदस्त इंट्रोडक्शन देकर उनको प्रभावित कर सकते हैं ।

एक ऐसा सवाल है कि वो अक्सर आपने सुना होगा कि Interview  में पूछा जाता है और वह सवाल यह है
 
 आप अपने बारे में कुछ बताइए    ?  Tell me about yourself

यहां पर हम आपको यह नहीं बताएंगे कि आपको इंटरव्यू में  क्या  करना है और क्या नहीं करना है ? पोस्ट हमारी इसी बिंदु पर आधारित है कि आप अपने आप को किस तरह से  प्रभावशाली रूप से प्रस्तुत  कर  सकें  , अगर आपको जानना है कि एक  इंटरव्यू किस तरह से दें   तो आप हमारी पोस्ट Win Interview   जरूर  पढ़ें ........


  चर्चा की शुरुआत करें

 अपने परिचय की शुरुआत opening sentences Hello / Hi /goodmorning  से करें और interview के दौरान sir शब्द का प्रयोग करना ना भूलें ।

  अपना नाम

 आप के परिचय की शुरुआत हो गई है अब आप यहां पर अपना नाम बताओ  , नाम बताने के  लिए I am...  का प्रयोग ना करें तो ज्यादा सही होगा बल्कि आप my name is.......... का प्रयोग करें i am......  की तुलना में my name is   ज्यादा formal है i am... का प्रयोग casual intro के दौरान करें ।


  आपका पेशा


  •   i am ..............अब आप अपना प्रोफेशन बता सकते हैं जैसे i am a student  , I am a business man
 यहां पर लोग एक गलती कर  देते हैं सामने वाले व्यक्ति को अपने प्रोफेशन से संबंधित बातें नहीं बताते हैं आपको क्या करना है आप अपने प्रोफेशन से रिलेटेड बताओ  जैसे  मैं अंग्रेजी का अध्यापक हूं , मैं  import export  का बिजनेस करता हूं , ......


 आपका जन्म स्थान

i am from....आप कहां पर रहते हैं  बता सकते हैं,  आप अपने जन्म स्थान से संबंधित कुछ अच्छी बातें बता सकते हैं  , जिससे सामने वाले व्यक्ति की रूचि बढ़ जाए आपसे बातें करने मेंं  वह आपके जन्मस्थान के बारे में और जानने का इच्छुक हो सकता है ।  
  

आपके कौशल
  • I am good at......     यहां पर आप अगर किसी फील्ड में  अच्छे हो या आपके पास कोई स्किल हो तो उसके बारे में बता सकते हो  , जैसे i am good at writing, I am good at app developing.... 

   आप  खुद को भविष्य में क्या देखते है? 


  •   I am going to be......   यहां पर आप अपने आपको भविष्य में किस तरह से देखते हैं बता सकते हैं ,    सच्ची बातें बताओ जो आप खुद से भविष्य में उम्मीद करते हैं  आप अपने आप को भविष्य में किस तरह से देखते हैं।

  Hobbies

 यहां पर आप अपनीअपनी hobbies के बारे में बता सकते हैं कि मुझे लिखना पसंद है मुझे किताबें पढ़ना पसंद है  मुझे गाना गाना पसंद है जो भी आपकी हॉबीज हो आप बता सकते है

  1. Hello /Hi /good morning /(sir) 
  2. My name is mohan vadra
  3. I am a mathematical teacher
  4. I am from delhi
  5. I am good at writing 
  6. I am going to be a good author 
  7. My hobbies are writing poem ,  story and reading biography of success people



 अगर आप सारी बातों का ध्यान रखते है , How to introduce yourself या Tell me something about yourself     पर महारत हासिल कर सकते हैं , आज आपने दोनों तरह से  फॉर्मल और कैजुअल रूप से खुद को प्रस्तुत करना सीख चुके हैं , शीशे के सामने खड़े होकर निरंतर लगातार प्रैक्टिस करिए,  खुद को लगातार इंप्रूव करते रहिए.... वो कहते हैं ना जीत उसी की होती है जिसकी तैयारी तगड़ी होती है.....अगर आपको यह पोस्ट पसंद आई हो तो हमें फॉलो करें और कमेंट बॉक्स में अपना फीडबैक दें और किसी ऐसे व्यक्ति के शेयर करेेंं जिसे इस आर्टिकल कि जरूरत हो सकती हैै ।